



एल. ए. स्कूल झज्जर के स्टूडेंट तुषान धनखड़ ने इंटर स्टेट क्वालीफाइड करके प्री -नेशनल 10 मीटर पिस्टल शूटिंग के लिए क्वालीफाइड किया
झज्जर, 11 जून, अभीतक: एल. ए. स्कूल झज्जर के छठी कक्षा के स्टूडेंट तुषान धनखड़ ने गारहवीं हरियाणा शूटिंग कम्पिटिशन -2026, इंटर शूटिंग कम्पिटिशन में 10 मीटर पिस्टल इंटर स्टेट क्वालीफाइड करके प्री -नेशनल 10 मीटर पिस्टल शूटिंग के लिए क्वालीफाइड किया। बेटे तुषान के क्वालीफाइड करने पर उनके पिता विकास धनखड़ ने अपनी खुशी का इजहार किया उन्होंने बताया कि यह प्रतियोगिता डॉ. करनी सिँह शूटिंग रेंज सूरजकुण्ड रोड़ तुगलकाबाद दिल्ली में हुई थी व बेटे की इस सफलता में एल. ए. स्कूल के अध्यापकों का व उनके कोच का योगदान बताया। स्कूल मैनेजर के. एम. डागर व स्कूल प्राचार्या निधि कादयान ने बेटे को अपना शुभ आशीर्वाद प्रदान किया व कहा की बेटा तुषान बहुत प्रतिभावन है। स्कूल संचालक जगपाल गुलिया, जयदेव दहिया, अनीता गुलिया, नीलम दहिया, योजित गुलिया, भविष्य दहिया ने बेटे की इस सफलता को आने वाले समय में एक महत्वपूर्ण अवसर बताया। भूगोल प्राध्यापक मुकेश शर्मा ने बताया की बेटे तुषान का स्कूल में पहुंचने पर शानदार स्वागत किया जाएगा।
न्यायिक कर्मचारी कल्याण संघ, झज्जर ने कर्मचारियों के हित में ऐतिहासिक कल्याणकारी प्रस्ताव पारित किए
झज्जर, 11 जून, अभीतक: न्यायिक कर्मचारी कल्याण संघ, झज्जर की कार्यकारिणी की बैठक दिनांक 08.06.2026 को संघ के अध्यक्ष श्री प्रेम सुख की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में उपाध्यक्ष श्री भूपेंद्र कालड़ा, उपाध्यक्ष श्री संजीव साहू, महासचिव श्री सिकंदर सिंह, सचिव श्री उमा दत्त, कोषाध्यक्ष श्री राजबीर तथा ऑडिटर श्री परवीन यादव उपस्थित रहे। बैठक में न्यायिक कर्मचारियों एवं उनके परिवारों के कल्याण हेतु विभिन्न महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर विचार-विमर्श किया गया। विस्तृत चर्चा के उपरांत कार्यकारिणी द्वारा सर्वसम्मति से कई ऐतिहासिक कल्याणकारी लाभ स्वीकृत किए गए। पारित प्रस्तावों के अनुसार संघ के सक्रिय सदस्यों को सेवा निवृत्ति पर ₹50,000 का सेवानिवृत्ति लाभ, सेवा अवधि के दौरान सदस्य के निधन की स्थिति में ₹2,00,000 की आर्थिक सहायता, सदस्य के पुत्र अथवा पुत्री के विवाह पर ₹21,000 का विवाह अनुदान तथा स्थानांतरण अथवा त्यागपत्र की स्थिति में फेयरवेल कार्यक्रम हेतु ₹5,000 तक की सहायता प्रदान किए जाने का निर्णय लिया गया है। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि इन कल्याणकारी योजनाओं का उद्देश्य न्यायिक कर्मचारियों एवं उनके परिवारों को आवश्यक अवसरों पर आर्थिक एवं सामाजिक सहयोग प्रदान करना है। संघ भविष्य में भी कर्मचारियों के हितों की रक्षा, उनके कल्याण तथा नई सुविधाओं एवं योजनाओं के विस्तार हेतु निरंतर प्रयास करता रहेगा। महासचिव श्री सिकंदर सिंह ने बताया कि न्यायिक कर्मचारी कल्याण संघ, झज्जर कर्मचारियों के सुख-दुःख में सहभागी बनने के संकल्प के साथ कार्य कर रहा है तथा आने वाले समय में कर्मचारियों के हित में और अधिक कल्याणकारी योजनाएं लागू करने के प्रयास किए जाएंगे। संघ के अध्यक्ष श्री प्रेम सुख ने सभी सदस्यों का सहयोग एवं विश्वास बनाए रखने के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कर्मचारियों की एकता, सम्मान और कल्याण ही संघ की सर्वोच्च प्राथमिकता है।



योग युक्त हरियाणा-नशा मुक्त हरियाणा के संकल्प को साकार करने में योग की महत्वपूर्ण भूमिका: डीसी
झज्जर स्थित महर्षि दयानंद सरस्वती स्टेडियम में सरकारी अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए तीन दिवसीय योगाभ्यास प्रोटोकॉल प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू
अधिकारियों-कर्मचारियों ने लिया योग को दैनिक जीवन में अपनाने का संकल्प
झज्जर, 11 जून, अभीतक: 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में जिला प्रशासन एवं आयुष विभाग के संयुक्त तत्वावधान में स्थानीय महर्षि दयानंद सरस्वती स्टेडियम परिसर में सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए तीन दिवसीय योगाभ्यास प्रोटोकॉल प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन डीसी वर्षा खांगवाल ने किया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों तथा योग प्रशिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए योगाभ्यास किया। डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं बल्कि स्वस्थ, संतुलित और सकारात्मक जीवन शैली का आधार है। योग व्यक्ति को मानसिक तनाव से मुक्ति दिलाने के साथ-साथ शारीरिक रूप से भी सशक्त बनाता है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा में “योग युक्त हरियाणा-नशा मुक्त हरियाणा” अभियान को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाया जा रहा है, जिसके माध्यम से युवाओं एवं आमजन को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
वरिष्ठ नागरिकों को योग गतिविधियों से जोड़ने के लिए चल रही विशेष जागरूकता गतिविधियां
डीसी ने कहा कि इस वर्ष केंद्र सरकार द्वारा 12 वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम “स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग” निर्धारित की गई है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए वरिष्ठ नागरिकों को भी योग गतिविधियों से जोड़ने का विशेष अभियान चलाया जा रहा है, ताकि बढ़ती आयु में भी वे शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ एवं सक्रिय रह सकें। उन्होंने कहा कि योग जीवन के प्रत्येक आयु वर्ग के लिए लाभकारी है और इसे दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाया जाना चाहिए। प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान डीसी ने स्वयं अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास किया तथा सभी को नियमित योग करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में तनाव और मानसिक दबाव लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में योग तनाव प्रबंधन का सबसे सरल और प्रभावी माध्यम है। नियमित योगाभ्यास से कार्यक्षमता बढ़ती है, मन एकाग्र रहता है तथा व्यक्ति सकारात्मक सोच के साथ अपने दायित्वों का बेहतर निर्वहन कर सकता है।
तनावमुक्त वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सरकार द्वारा वाई-ब्रेक की सराहनीय पहल
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि कर्मचारियों को कार्यस्थल पर स्वस्थ एवं तनावमुक्त वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सरकार द्वारा “वाई-ब्रेक” पहल शुरू की गई है। इसके तहत कार्यालयों में कर्मचारियों को उनकी सीट पर ही प्रतिदिन पांच मिनट का योगाभ्यास कराया जाता है। इस पहल से कर्मचारियों की कार्यक्षमता में वृद्धि होने के साथ-साथ शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य भी बेहतर हो रहा है। उन्होंने सभी विभागाध्यक्षों से इस व्यवस्था को प्रभावी रूप से लागू करने और अधिकाधिक कर्मचारियों को इससे जोड़ने का आह्वान किया।
स्वयं नियमित योग करें अधिकारी-कर्मचारी, अपने परिवार, मित्रों को भी योग के प्रति करें जागरूक
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस केवल एक दिन का आयोजन नहीं है, बल्कि यह स्वस्थ जीवन की ओर बढ़ने का सुअवसर है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे स्वयं नियमित योग करें और अपने परिवार, मित्रों तथा समाज के अन्य लोगों को भी योग के प्रति जागरूक करें, ताकि एक स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त समाज का निर्माण किया जा सके। कार्यक्रम में योग प्रशिक्षकों ने योग प्रोटोकॉल के तहत विभिन्न आसनों, प्राणायाम तथा ध्यान की विधियों का विस्तार से प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण कार्यक्रम आगामी तीन दिनों तक जारी रहेगा, जिसमें अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मुख्य आयोजन के लिए तैयार किया जाएगा। इस अवसर पर एसडीएम झज्जर रवि मीणा सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
झज्जर स्थित महर्षि दयानंद सरस्वती स्टेडियम में आयोजित तीन दिवसीय योगाभ्यास प्रोटोकॉल प्रशिक्षण कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ योगाभ्यास करती डीसी वर्षा खांगवाल।
देशलपुर में चला जल संरक्षण अभियान
68 अवैध कनेक्शन धारकों को थमाये विभाग ने नोटिस
तीन दिन का मौका, नहीं तो कनेक्शन काटेगा विभाग
झज्जर, 11 जून, अभीतक: वीरवार को झज्जर जिले के गांव देशलपुर में जिला सलाहकार श्याम अहलावत के नेतृत्व में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग द्वारा जल संरक्षण अभियान चलाया गया। अभियान के तहत गांव में डोर टू डोर विजिट कर ग्रामीणों को जल संरक्षण एवं जल प्रबंधन के लिए जागरूक किया गया। अभियान के दौरान ग्रामीणों को जल संरक्षण के विभिन्न उपाय करने के बारे में जानकारी देते हुए बीआरसी मीनू वत्स ने बताया कि दैनिक कार्यों जैसे नहाने, गाड़ी धोने, कपड़े धोने आदि में खुले नल या मोटर का प्रयोग करने की बजाय बाल्टी व कप का प्रयोग करना चाहिए, जिससे की बचत की जा सके। वहीं उन्होंने अन्य घरेलू कार्यों में भी पेयजल का संयमित प्रयोग करने की ग्रामीणों को सलाह दी। इसके साथ ही गांव में पेयजल की बर्बादी का कारण बन रहे 58 अवैध पेयजल कनेक्शन धारको को कनेक्शन वैध कराने और नलों पर टूटी लगाने के नोटिस जारी किये गए। वहीं जिला सलाहकार श्याम अहलावत बताया कि इस अभियान के दौरान विभिन्न गांव में दर्जनों अवैध पेयजल कनेक्शन धारको को नोटिस जारी किये गए। इसके साथ ही गांव खोरडा में विभाग की टीम द्वारा दर्जनों अवैध पेयजल कनेक्शन काटे गए। अभियान के दौरान गांव देशलपुर में मीनू वत्स, सरला ,प्रमिला, दिनेश, विक्रम दिनेश, सुनील व सरपंच नवीन सहित नवीन सहित आने ग्रामीण उपस्थित रहे।



मादक पदार्थ 200 ग्राम गांजा के साथ एक आरोपी काबू
बादली, 11 जून, अभीतक: नशा विरुद्ध अभियान के तहत पुलिस आयुक्त झज्जर डॉक्टर राजश्री सिंह ने जिला में मादक पदार्थ खरीद फिरोख्त करने वाले व्यक्तियों को पकड़ने के संबंध में कड़े दिशा निर्देश दिए गए थे। पुलिस कमिश्नर के दिशा निर्देशों की पालना करते हुए एंटी नारकोटिक सेल झज्जर की पुलिस टीम ने थाना बादली के एरिया से एक व्यक्ति को नशीले पदार्थ गांजा के साथ काबू करने में कामयाबी हासिल की है। जिस संबंध में जानकारी देते हुए एंटी नारकोटिक सेल झज्जर प्रभारी उप निरीक्षक जितेंद्र ने बताया कि एंटी नारकोटिक सेल झज्जर में तैनात सहायक उप निरीक्षक राजेश कुमार की पुलिस टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि कृष्णा निवासी गांव दूल्हेड़ा जिला झज्जर गांजा बेचने का अवैध धंधा करता है वह गांजा बेचने की फिराक में देसी तंबाकू भंडार दूल्हेड़ा की दुकान के पास खड़ा है।जिस सूचना पर तत्परता से कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक सेल झज्जर की टीम मौके पर पहुंची तो वहां पर एक व्यक्ति दिखाई दिया। जिसे शक की बिनाह पर पुलिस टीम ने काबू कर लिया। पकड़े गए व्यक्ति के पास मादक पदार्थ होने के संदेह पर नियम अनुसार राजपत्रित अधिकारी को सूचित किया गया। इसके बाद मौके पर पहुंचे राजपत्रित अधिकारी के समक्ष नियम अनुसार तलाशी ली गई तो आरोपी के कब्जा से गांजा बरामद हुआ। जिसका वजन करने पर 200 ग्राम पाया गया। पकड़े गए आरोपी की पहचान उपरोक्त के तौर पर की गई। नशीले पदार्थ के साथ पकड़े गए उपरोक्त व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई करते हुए थाना बादली में मादक पदार्थ अधिनियम के तहत आपराधिक मामला दर्ज किया गया। पकड़े गए आरोपी के खिलाफ नियम अनुसार आगामी कार्रवाई अमल में लाई गई।
नशे के खिलाफ झज्जर पुलिस का लगातार अभियान, डॉग स्क्वॉड के साथ सघन तलाशी
ढाबों, दुकानों और घर-घर जांच, कर्मचारियों के पुलिस वेरिफिकेशन पर दिया जोर
झज्जर, 11 जून, अभीतक: पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह के निर्देशन में जिले में नशे के खिलाफ विशेष सर्च अभियान लगातार जारी है। अवैध नशीले पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने तथा कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से पुलिस द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।इसी कड़ी में एसीपी प्रदीप नैन के नेतृत्व में थाना आसौदा तथा मांडोठी पुलिस चैकी क्षेत्र में डॉग स्क्वॉड की सहायता से विशेष सर्च अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने ढाबों, दुकानों, घरों तथा अन्य संदिग्ध स्थानों की गहन जांच की। पुलिस अधिकारियों ने प्रत्येक स्थान का बारीकी से निरीक्षण करते हुए संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी और सुरक्षा मानकों का भी आकलन किया।तलाशी अभियान के दौरान पुलिस ने विभिन्न संस्थानों में कार्यरत कर्मचारियों के पुलिस वेरिफिकेशन को लेकर भी जागरूकता अभियान चलाया। अधिकारियों ने संस्थान संचालकों, ढाबा मालिकों और दुकानदारों को कर्मचारियों का सत्यापन करवाने के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि समय पर वेरिफिकेशन करवाने से अपराधों की रोकथाम में सहायता मिलती है तथा किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की पहचान आसानी से की जा सकती है।पुलिस अधिकारियों ने सभी संस्थानों के संचालकों को निर्देश दिए कि वे अपने यहां कार्यरत कर्मचारियों का अनिवार्य रूप से पुलिस सत्यापन करवाएं तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि या व्यक्ति के बारे में तुरंत पुलिस को सूचना दें। झज्जर पुलिस ने स्पष्ट किया कि जिले में नशे और अपराध के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा तथा कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने आमजन से भी सहयोग की अपील करते हुए कहा कि सुरक्षित और नशामुक्त समाज के निर्माण में नागरिकों की सहभागिता बेहद महत्वपूर्ण है।



सोमनाथ में महादेव मंदिर पहुंचते ही जय भोलेनाथ के जयकारों के साथ झज्जर के श्रद्धालुओं ने जताया मुख्यमंत्री का आभार
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के उपलक्ष्य में जिला झज्जर से 34 श्रद्धालु पहुंचे हैं सोमनाथ मंदिर
सोमनाथ मंदिर से 12 जून को होगी श्रद्धालुओं की वापसी
झज्जर, 11 जून, अभीतक: भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंगों में से प्रथम स्थान पर माने जाने वाले गुजरात के सोमनाथ मंदिर में ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने के साथ ही झज्जर से पहुंचे श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का आभार जताया है। तीर्थ यात्रियों ने कहा कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना से ही वे भगवान भोले नाथ के पवित्र स्थल सोमनाथ मंदिर पहुंचे हैं। वहीं बेहतरीन प्रशासनिक व्यवस्था के लिए झज्जर डीसी वर्षा खांगवाल का भी वे आभार जता रहे हैं। उल्लेखनीय है कि भगवान शिव के 12 पवित्र ज्योतिर्लिंगों में से प्रथम ज्योतिर्लिंग के रूप में सोमनाथ मंदिर प्रतिष्ठित है। गुजरात के वेरावल (सौराष्ट्र) में स्थित यह मंदिर सनातन आस्था, सांस्कृतिक गौरव और अटूट शक्ति का प्रमुख प्रतीक माना जाता है। ऐसा विश्वास है कि यहां ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है और जाने और अनजाने में हुए पापों से मुक्ति मिलती हैं। पौराणिक कथाओं के अनुसार, चंद्रमा ने अपने श्राप से मुक्ति पाने के लिए यहां भगवान शिव की पूजा की थी। सोमनाथ मंदिर सदियों से विदेशी आक्रमणों और पुनर्निर्माण का गवाह रहा है। गजनवी से लेकर औरंगजेब तक के हमलों के बाद भी बार-बार इसका जीर्णोद्धार किया गया। आजादी के बाद सरदार वल्लभभाई पटेल की पहल पर इसका वर्तमान भव्य रूप तैयार किया गया। यह मंदिर चालुक्य शैली के बेहतरीन शिल्प का अद्भुत उदाहरण है और समुद्र के किनारे स्थित होने के कारण अत्यंत मनोरम दिखाई देता है।
श्रद्धालुओं ने जताया सरकार का आभार
जिला झज्जर से सोमनाथ गए श्रद्धालुओं रणबीर सिंह, मीना देवी, सूबे सिंह, नौरंग, जगवीर और श्रीभगवान ने दूरभाष के माध्यम से मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का आभार जताते हुए कहा कि हरियाणा सरकार के कारण ही गरीब लोगों को यहां आने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। वे कल्पना भी नहीं कर सकते थे कि सोमनाथ मंदिर के दर्शन निशुल्क कर पाएंगे। उन्होंने यहां पर भोजन के साथ-साथ यात्रा के लिए वाहनों और ठहरने, भोजन के लिए की गई शानदार व्यवस्था पर भी हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी और गुजरात की सरकार का आभार प्रकट किया है। उन्होंने कहा कि सोमनाथ मंदिर के साथ-साथ कपिला, सरस्वती और हिरण नदी पवित्र स्थल के दर्शन कर पाए हैं। इसी प्रकार से सोमनाथ पहुंचे अन्य श्रद्धालु सुरेंद्र, बिमलेश,, वीरेंद्र सिंह, रमेश राठी, सुशीला, काशीराम, राजेंद्र सिंह और सुरेश देवी ने कहा कि उन्होंने कभी स्वप्न में भी नहीं सोचा था कि वे इस प्रकार से तीर्थ यात्रा पर जा सकेंगे। यहां आने पर उनके वर्षों पुरानी मुराद पूरी हुई है। इसके लिए वे हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के बहुत-बहुत आभारी हैं। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा निशुल्क भेजे जाने पर ही उन्होंने भोलेनाथ के सोमनाथ मंदिर के साथ-साथ त्रिवेणी में स्नान किया है। समुद्र की बल खाती और उफनती लहरों को देखा है। इसके अलावा गीता मंदिर और श्री भालका तीर्थ मंदिर के दर्शन किए हैं। भालका मंदिर वहीं पर है, जहां पर पर भगवान श्री कृष्ण को तीर लगा था और वे स्वर्गलोक धाम सिधार गए थे। तीर्थ यात्रियों ने कहा कि गरीब लोगों को कहां बाहर घूमने का मौका मिलता है, उनके पास बाहर जाने के लिए इतने पैसे नहीं होते, यह तो सरकार की अनूठी योजना है कि उनको फ्री में तीर्थ यात्रा पर जाने का अवसर मिला है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र व प्रदेश सरकार ने गरीब लोगों की भी धार्मिक भावनाओं और आस्था को समझा है।
सोमनाथ यात्रा के लिए गये झज्जर जिला के श्रद्धालुगण।
केंद्र सरकार के 12 वर्षों के कार्यकाल में किसानों की समृद्धि व सशक्तिकरण को मिली नई दिशा
किसान हितैषी योजनाओं से मजबूत हुई अन्नदाताओं की आर्थिक स्थिति: डीसी
पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत झज्जर के किसानों को मिली 351 करोड़ 68 लाख रुपये से अधिक की आर्थिक सहायता
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 66505 किसानों को मिला 109 करोड़ रुपये का बीमा क्लेम
झज्जर, 11 जून, अभीतक: सरकार के 12 साल का कार्यकाल पूरा होने के उपलक्ष्य में 12 साल विश्वास के,विकास के,जनकल्याण के थींम के साथ विशेष प्रचार अभियान चलाया जा रहा है। इस अवधि के दौरान कृषि क्षेत्र में अभूतपूर्व परिवर्तन हुए हैं, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति भी मजबूत हुई है। डीसी वर्षा खांगवाल ने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा पिछले 12 वर्षों में किसानों की आर्थिक उन्नति, सामाजिक उत्थान और कृषि क्षेत्र को सशक्त बनाने की दिशा में अनेक ऐतिहासिक कदम उठाए गए हैं। वर्ष 2014 से केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई विभिन्न किसान हितैषी योजनाओं का लाभ सीधे अन्नदाताओं तक पहुंच रहा है। जिला झज्जर में भी हजारों किसान इन योजनाओं का लाभ उठाकर आर्थिक रूप से सशक्त बन रहे हैं।
पीएम किसान सम्मान निधि से किसानों की आर्थिक स्थिति को मिली मजबूती’
डीसी ने बताया कि किसानों को आर्थिक मजबूती प्रदान करने के उद्देश्य से फरवरी 2019 में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना शुरू की गई थी। योजना के तहत पात्र लघु एवं सीमांत किसानों को प्रतिवर्ष 6 हजार रुपये की सहायता राशि तीन किस्तों में सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जा रही है। उन्होंने बताया कि जिला झज्जर के किसानों को अब तक योजना की 22 किस्तों के माध्यम से कुल 351 करोड़ 68 लाख 64 हजार रुपये की राशि प्रदान की जा चुकी है।
किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से कम प्रीमियम पर मिल रही फसल सुरक्षा
डीसी ने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं से किसानों की फसलों को होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए वर्ष 2016 में लागु की गई प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत किसानों को कम प्रीमियम पर फसल सुरक्षा उपलब्ध करवाई जा रही है। खरीफ फसलों के लिए केवल 2 प्रतिशत तथा रबी फसलों के लिए 1.5 प्रतिशत प्रीमियम राशि किसान द्वारा दी जाती है। जिला झज्जर में गत वर्षों के दौरान 66505 किसानों को लगभग 109 करोड़ रुपये की राशि बीमा क्लेम के रूप में प्रदान की गई है।
फसल अवशेष प्रबंधन योजना से किसानों को 50 से 80 प्रतिशत तक अनुदान’
डीसी ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण और आधुनिक कृषि को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार द्वारा वर्ष 2018-19 में फसल अवशेष प्रबंधन योजना शुरू की गई। योजना के अंतर्गत फसल अवशेष प्रबंधन में उपयोग होने वाली मशीनरी की खरीद पर किसानों को 50 से 80 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है। साथ ही पराली को खेत में मिलाने या गांठें बनाकर प्रबंधन करने वाले किसानों को 1200 रुपये प्रति एकड़ की सहायता राशि उपलब्ध करवाई जा रही है। डीसी ने बताया कि इस योजना के तहत किसानों को मशीनरी खरीद पर लगभग 34 करोड़ 16 लाख 25 हजार रुपये की अनुदान राशि तथा फसल अवशेष प्रबंधन के लिए लगभग 14 करोड़ 74 लाख 23 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि सीधे उनके खातों में भेजी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार की किसान कल्याणकारी योजनाएं किसानों की आय बढ़ाने, जोखिम कम करने और कृषि क्षेत्र को आधुनिक एवं आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
वर्षा खांगवाल, डीसी झज्जर।



मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लें विद्यार्थी, स्लोगन, पेंटिंग व कविता के माध्यम से करें जागरूकता का प्रसार
विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम 2026 के तहत जारी हैं विभिन्न जागरूकता गतिविधियां
विद्यार्थी अपनी रचनाएं ई-मेल के माध्यम से भेज सकते हैं
स्वीप गतिविधियों के जरिए मतदाता सूची सत्यापन को बनाया जा रहा है जनआंदोलन
झज्जर, 11 जून, अभीतक: भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार तथा डीसी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी वर्षा खांगवाल के मार्गदर्शन में जिला में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम-2026 को सफल बनाने के लिए व्यापक स्तर पर जागरूकता गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। इस अभियान का उद्देश्य मतदाता सूचियों को अधिक शुद्ध, अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाना है, ताकि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल हो सके और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को और अधिक सशक्त बनाया जा सके। जिला सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा अधिकारी दिनेश कुमार ने बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के प्रति आमजन में जागरूकता बढ़ाने के लिए स्कूली विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। विद्यार्थियों को स्लोगन लेखन, पेंटिंग प्रतियोगिता तथा कविता लेखन जैसी रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से अभियान से जोड़ा जा रहा है। इन गतिविधियों का उद्देश्य युवा पीढ़ी में लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति जागरूकता विकसित करना तथा मतदाता सूची के महत्व को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाना है। डीआईपीआरएलओ ने बताया कि विद्यार्थी अपनी रचनात्मक प्रस्तुतियां और लेखन सामग्री रींररंतेपतंबजपअपजपमे/हउंपसण्बवउ पर भेज सकते हैं। चयनित रचनाओं का उपयोग जागरूकता अभियानों में किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर भी मिलेगा और वे सामाजिक सरोकार से जुड़े महत्वपूर्ण अभियान का हिस्सा भी बन सकेंगे। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का सत्यापन लोकतंत्र को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। इसी उद्देश्य से जिलाभर में स्वीप (सिस्टेमैटिक वोटर्स एजुकेशन एंड इलेक्टोरल पार्टिसिपेशन) गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। इन गतिविधियों के माध्यम से लोगों को मतदाता सूची में अपने नाम, पते और अन्य विवरणों की जांच एवं सत्यापन के लिए प्रेरित किया जा रहा है, ताकि किसी भी पात्र मतदाता का नाम सूची से छूट न जाए। उन्होंने बताया कि डीसी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी वर्षा खांगवाल के निर्देशन में इस अभियान को जन-जन तक पहुंचाने के लिए शिक्षा विभाग का सहयोग लिया जाएगा। स्कूलों और शिक्षण संस्थानों के माध्यम से विद्यार्थियों, शिक्षकों तथा अभिभावकों को भी मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया के प्रति जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा विभिन्न सामाजिक, शैक्षणिक एवं सामुदायिक कार्यक्रमों के माध्यम से भी लोगों को अभियान से जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि रचनात्मक प्रस्तुतियां और लेखन सामग्री में चयनित विद्यार्थियों की रचनाओं को सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर वरीयता दी जायेगी। दिनेश कुमार ने विद्यार्थियों, शिक्षकों, अभिभावकों तथा आम नागरिकों से अपील की है कि वे विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम-2026 में सक्रिय भागीदारी निभाएं तथा मतदाता सूची को त्रुटिरहित और अपडेट बनाने में सहयोग करें। लोकतंत्र की मजबूती के लिए प्रत्येक पात्र नागरिक का मतदाता सूची में पंजीकृत होना अत्यंत आवश्यक है और इस दिशा में जनसहभागिता सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
दिनेश कुमार, डीआईपीआरएलओ झज्जर।
बेरी निगम कार्यालय में उपभोक्ता कष्ट निवारण की बैठक व बिजली अदालत आज
बेरी, 11 जून, अभीतक: बिजली निगम डिवीजन बेरी के उपभोक्ताओं की बिजली से संबंधित शिकायतों के निवारण के लिए आज (12 जून, शुक्रवार) को बिजली अदालत और उपभोक्ता कष्ट निवारण फोरम की बैठक की आयोजित की जाएगी। बिजली निगम के एसडीओ सुनील कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि बैठक उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (यूएचबीवीएनएल) के बेरी कार्यालय में सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक आयोजित होगी। उन्होंने बताया कि बैठक में बिजली उपभोक्ताओं की बिजली बिल, कनेक्शन, लोड संबंधित समस्याओं को सुना जाएगा और उनका मौके पर ही समाधान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि कोई उपभोक्ता फैंसले से संतुष्ट नहीं है तो वह अपनी शिकायत अध्यक्ष अभियंता झज्जर के समक्ष रख सकता है।



जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक आज
हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह करेंगे बैठक की अध्यक्षता
बैठक में 16 परिवादों पर होगी सुनवाई, अधिकारियों को दिए गए उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश
झज्जर, 11 जून, अभीतक: आमजन की शिकायतों के त्वरित एवं प्रभावी समाधान के उद्देश्य से गठित जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक शुक्रवार, 12 जून को लघु सचिवालय स्थित संवाद भवन में आयोजित की जाएगी। बैठक की अध्यक्षता हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य, वन एवं पर्यावरण मंत्री राव नरबीर सिंह करेंगे। सीटीएम रितु ने बताया कि बैठक में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 16 परिवाद सुनवाई के लिए रखे जाएंगे। उन्होंने कहा कि जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक आमजन की समस्याओं के समाधान का एक महत्वपूर्ण मंच है, जहां जनहित से जुड़े मामलों पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाती है। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को बैठक में निर्धारित समय पर उपस्थित रहने और परिवादों से संबंधित पूर्ण जानकारी के साथ भाग लेने के निर्देश दिए हैं, ताकि नागरिकों की समस्याओं का त्वरित एवं स्थायी समाधान किया जा सके।
योग जागरण यात्राओं और प्रशिक्षण शिविरों से गूंजा झज्जर,
12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियों को लेकर प्रतिदिन आयोजित हो रही योग गतिविधियां
गांव-गांव और शहरों में आयुष विभाग द्वारा चलाया जा रहा जागरूकता अभियान
सीनियर सिटीजन, अधिकारियों-कर्मचारियों और आमजन को कराया जा रहा योगाभ्यास
झज्जर, 11 जून, अभीतक: 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के सफल आयोजन को लेकर जिला प्रशासन एवं आयुष विभाग द्वारा जिलेभर में व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। डीसी वर्षा खांगवाल के दिशा-निर्देशों के अनुरूप गांवों और शहरों में योग प्रशिक्षण शिविर, योग जागरण यात्राएं तथा आयुष चिकित्सा शिविर आयोजित कर आमजन को योग के प्रति जागरूक किया जा रहा है। विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों को योग से जोड़ने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। जिला योग समन्वयक डॉ. पवन देसवाल ने बताया कि गुरुवार को गांव दूबलधन में डॉ. मनीषा एवं उनकी टीम द्वारा आयुष चिकित्सा एवं योग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में ग्रामीणों को सामान्य योग प्रोटोकॉल का प्रशिक्षण देने के साथ-साथ स्वास्थ्य संबंधी परामर्श भी प्रदान किया गया। उन्होंने बताया कि बहादुरगढ़ में आयुष योग सहायक पूनम द्वारा योग जागरण यात्रा निकाली गई तथा एचएल सिटी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ नागरिकों एवं अन्य प्रतिभागियों को योगाभ्यास कराया गया। प्रशिक्षण के दौरान सामान्य योग प्रोटोकॉल के अंतर्गत विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास करवाया गया। योग सहायक द्वारा प्रतिभागियों को नियमित योग अभ्यास करवाया जा रहा है।
सभी ब्लॉकों में शुरू हुए तीन दिवसीय योग प्रोटोकॉल प्रशिक्षण शिविर
12 वे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मद्देनजर गुरुवार से जिले के सभी ब्लॉकों में तीन दिवसीय सामान्य योग प्रोटोकॉल प्रशिक्षण शिविर प्रारंभ कर दिए गए हैं। इन शिविरों में अधिकारियों, कर्मचारियों तथा आमजन को योगाभ्यास का प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि 21 जून को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम में अधिकाधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित की जा सके। ब्लॉक बेरी, बहादुरगढ़, मातनहेल, साल्हावास, बादली तथा माछरौली में प्रशिक्षण कार्यक्रमों का शुभारंभ किया गया। ब्लॉक बेरी में ब्लॉक स्तरीय प्रशिक्षण शिविर के दौरान प्रतिभागियों को सामान्य योग प्रोटोकॉल का अभ्यास कराया गया, जबकि माछरौली के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में तीन दिवसीय योग प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया।
योग जागरण यात्राओं के माध्यम से किया जा रहा जागरूक
आयुष विभाग द्वारा जिला प्रशासन के सहयोग से आगामी 20 जून तक जिलेभर में विशेष योग जागरण यात्राएं निकाली जा रही हैं। इन यात्राओं का उद्देश्य लोगों को योग के महत्व से अवगत कराना, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना तथा योग के माध्यम से मानसिक शांति और कार्यक्षमता में वृद्धि के लाभों की जानकारी देना है। बादली ब्लॉक के सीआरएएएन देवरखाना में तीन दिवसीय सामान्य योग प्रोटोकॉल प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। इस अवसर पर योग जागरण यात्रा भी निकाली गई। योग सहायकों ने जागरण यात्राओ में सक्रिय भूमिका निभाई।
पार्कों, स्टेडियमों और वृद्धाश्रमों में चल रहे विशेष कार्यक्रम
जिला योग समन्वयक डॉ. पवन देसवाल ने बताया कि 21 जून तक जिलाभर में पार्कों, सीनियर सिटीजन क्लबों, वृद्धाश्रमों, स्टेडियमों और योगशालाओं में नियमित प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे। राजकीय आईटीआई परिसर साल्हावास में तीन दिवसीय सामान्य योग प्रोटोकॉल प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। वहीं आयुष योग सहायक निशा द्वारा लाइन पार बहादुरगढ़ स्थित ओल्ड एज होम में वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष योग प्रशिक्षण शिविर संचालित किया जा रहा है।
भारत स्वाभिमान ट्रस्ट और पतंजलि योग सेवा समिति कर रही सक्रिय सहयोग
इसके अलावा भारत स्वाभिमान पतंजलि योग सेवा समिति द्वारा ब्रह्मचारी सुभाष आर्य पार्क, झज्जर में योग प्रोटोकॉल का अभ्यास करवाकर लोगों को योग अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। जिला प्रशासन एवं आयुष विभाग द्वारा 21 जून को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के भव्य आयोजन को सफल बनाने के लिए अधिक से अधिक लोगों को इस जन-जागरूकता अभियान से जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।
समाधान शिविर : हरियाणा सरकार की सार्थक पहल: डीसी
शिकायतों का हो रहा है मौके पर निदान
हर शिकायत के निदान के उद्देश्य से आयोजित किए जा रहे है समाधान शिविर
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा – जनसेवा की दिशा में सरकार निभा रही जिम्मेदारी
झज्जर, 11 जून, अभीतक: डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि हरियाणा सरकार की ओर से जनसेवा को समर्पित होते हुए लगाए जा रहे समाधान शिविर जरूरतमंद लोगों की शिकायतों का निदान करने में अहम हैं। समाधान शिविर में नागरिकों की शिकायतों की सुनवाई करते हुए संबंधित अधिकारियों को इन शिकायतों के यथाशीघ्र निपटाने के निर्देश दिए जा रहे हैं। प्राथमिकता के आधार पर समाधान शिविर में आने वाली शिकायतों का निपटारा किया जा रहा है ताकि लोगों को मौके पर राहत मिल सके। डीसी लघु सचिवालय स्थित सभागार में आयोजित समाधान शिविर में एडीसी जगनिवास, एसडीएम रवि मीणा, सीटीएम रितु सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ नागरिकों की शिकायतें सुन रही थी। डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि एक छत के नीचे नागरिकों की शिकायतों के यथाशीघ्र निपटारे के उद्देश्य से सोमवार व गुरुवार कार्य दिवस पर समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि समाधान शिविर में संबंधित विभागों के उच्चाधिकारी मौके पर उपस्थित हैं और शिकायतों का जल्द निपटारा किया जा रहा है। समाधान शिविर में आई अधिकांश शिकायतों का मौके पर ही निदान किया गया। मौके पर उपस्थित संबंधित विभागों के अधिकारियों ने शिविर में आई शिकायतों के निपटारे की कार्रवाई शुरू की। समाधान शिविर में राजस्व विभाग, परिवार पहचान पत्र, जनस्वास्थ्य विभाग, पुलिस, बिजली विभाग इत्यादि से संबंधित शिकायतें प्राप्त हुई। गौरतलब है कि झज्जर लघु सचिवालय सभागार में सोमवार व गुरुवार कार्य दिवस पर सुबह 10 से 12 बजे तक हर नागरिक की हर शिकायत के निदान के उद्देश्य से ही समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। डीसी ने बताया कि जिला मुख्यालय सहित उपमण्डल स्तर पर भी सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर लगाकर आमजन की शिकायतों की सुनवाई करते हुए समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है।
झज्जर लघु सचिवालय सभागार में समाधान शिविर में जन सुनवाई करते डीसी वर्षा खांगवाल, साथ हैं एडीसी जगनिवास।



केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने पर विशेष प्रचार एवं जन-जागरूकता अभियान को लेकर की बैठक
12 वर्षों की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए 20 जून तक आयोजित होंगे विभिन्न कार्यक्रम: डीसी अभिषेक मीणा
रेवाड़ी, 11 जून, अभीतक: डीसी अभिषेक मीणा ने कहा कि केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में विशेष प्रचार एवं जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसमें सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए 20 जून तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। डीसी अभिषेक मीणा ने अभियान को सफल बनाने के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि 20 जून तक चलाए जाने वाले विशेष प्रचार एवं जन-जागरूकता अभियान को सफल बनाने के लिए रूपरेखा तैयार कर ली गई है। बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा आयोजित किए जाने वाले कार्यक्रमों एवं गतिविधियों के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित कार्यक्रमों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए तथा प्रत्येक गतिविधि की रिपोर्ट भी भिजवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य केवल प्रचार-प्रसार नहीं, बल्कि जनभागीदारी बढ़ाना और पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना भी है। डीसी ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास परियोजनाओं तथा गत 12 वर्षों की उपलब्धियों को आमजन तक प्रभावी ढंग से पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सरकार की उपलब्धियों एवं योजनाओं की जानकारी सांझा की जाएगी। कार्यक्रमों के अनुरूप विकास कार्यों एवं जनहितकारी योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुंचाई जाएगी। डीसी ने बताया कि युवाओं और सामाजिक संगठनों की भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला मुख्यालय पर ‘प्रगति पथ’ से जुड़ी प्रदर्शनी लगाई जाएगी, जिसमें 12 साल की सरकार की उपलब्धियों को प्रस्तुत किया जाएगा। प्रदर्शनी में विभिन्न विभागों की विकास परियोजनाओं, जनकल्याणकारी योजनाओं तथा उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाएगा, ताकि आमजन को सरकार की नीतियों एवं कार्यक्रमों की जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सके। इसके साथकृसाथ उन्होंने किसानों को प्राकृतिक खेती के प्रति प्रोत्साहित करने के लिए विशेष रूप से कृषि विभाग तथा चैधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय द्वारा जागरूकता शिविर लगाए जाएंगे। जन कल्याण शिविर आयोजित कर आयुष्मान भारत योजना, पीएम सूर्य घर योजना, पीएम स्वनिधि योजना, लखपति दीदी योजना सहित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के लिए पात्र लाभार्थियों का पंजीकरण किया जाएगा। साथ ही नागरिकों को योजनाओं की जानकारी उपलब्ध करवाई जाएगी और मौके पर ही समस्याओं के समाधान का प्रयास किया जाएगा। बैठक में विशेष वृक्षारोपण अभियान चलाने का निर्णय लिया गया। वन एवं पर्यावरण विभाग द्वारा विभिन्न स्थानों पर पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके साथ-साथ शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक स्वच्छता अभियान भी संचालित किया जाएगा। नगर निकाय क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाएगा, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायतों के सहयोग से विशेष सफाई अभियान चलाया जाएगा। बैठक में डीएमसी ब्रह्म प्रकाश, एसडीएम रेवाड़ी सुरेश कुमार, एसडीएम बावल संजीव कुमार, सीटीएम जितेंद्र कुमार, डीडीपीओ नरेंद्र सारवान, डीआईपीआरओ बिजेंद्र कुमार, डीआईओ सचिन, डीडीए जितेंद्र कुमार, डीपीओ शालू यादव सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
आमजन की समस्याओं के निवारण के लिए लगाए जा रहे समाधान शिविर
डीसी अभिषेक मीणा की अध्यक्षता में आयोजित समाधान शिविर में जनसमस्याओं का हुआ त्वरित निवारण
रेवाड़ी, 11 जून, अभीतक: डीसी अभिषेक मीणा ने कहा कि सरकार द्वारा लगाए जा रहे समाधान शिविरों का उद्देश्य प्रशासन द्वारा लोगों उनकी समस्या का समाधान करते हुए उन्हें राहत पहुंचाना है और सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के माध्यम से जरूरतमंद लोगों को लाभ दिलाना है। डीसी अभिषेक मीणा गुरुवार को लघु सचिवालय सभागार में आयोजित समाधान शिविर में आमजन की समस्याओं को सुनते हुए निवारण करवाया। इस समाधान शिविर में गांव पाली में पेयजल की समस्या पर डीसी ने जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को गांव में पेयजल उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। गांव पाली में सफाई कर्मचारियों द्वारा सफाई के लिए न पहुंचने पर डीसी ने डीडीपीओ को सफाई कर्मचारियों द्वारा गांव में नियमित रूप से सफाई करवाने के निर्देश दिए। गांव खिजुरी में रास्ते व पंचायती जमीन पर हो रहे अवैध कब्जे की शिकायत पर डीसी ने डीडीपीओ को कार्यवाही करते हुए अवैध कब्जा हटवाने के निर्देश दिए। गांव खोरी में मंदिर के पास हो रहे अवैध कब्जे की शिकायत पर डीसी ने बीडीपीओ खोल को पैमाइश करवाकर अवैध कब्जा हटवाने के निर्देश दिए। गांव गाधला में अवैध कब्जे की शिकायत पर बीडीपीओ जाटूसाना को जांच करते हुए अवैध कब्जा हटवाने के निर्देश दिए। इसके अलावा शिविर में प्रॉपर्टी आईडी, इंतकाल दर्ज करने, बिजली की आपूर्ति, परिवार पहचान पत्र, राशन कार्ड संबंधी शिकायत, पेंशन से संबंधित शिकायतें प्राप्त हुईं। जिनका डीसी अभिषेक मीणा ने मौके पर ही संबंधित विभागाध्यक्षों को त्वरित समाधान करने के निर्देश दिए। डीसी ने कहा कि आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान करने के उद्देश्य से हरियाणा सरकार के दिशा निर्देशानुसार जिला स्तरीय समाधान शिविर लघु सचिवालय स्थित सभागार में तथा उपमंडल स्तर के समाधान शिविर बावल व कोसली एसडीएम कार्यालय परिसर में आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों के माध्यम से नागरिकों को अपनी शिकायतों के समाधान के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते बल्कि वे एक ही स्थान पर अधिकारियों से सीधे संवाद कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यालय स्तर पर समाधान प्रकोष्ठ स्थापित किया गया है जहां समाधान शिविर की शिकायतों की मॉनिटरिंग भी की जा रही है। जिन शिकायतों का त्वरित समाधान संभव होता है उनका ऑन द स्पॉट ही समाधान करते हुए नागरिकों को राहत प्रदान की जाती है।
आम नागरिक समाधान शिविरों का उठाएं लाभ रू डा. सतीश खोला
हरियाणा सरकार द्वारा आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान एवं जनसेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से आयोजित समाधान शिविर में पीपीपी (परिवार पहचान पत्र) कोऑर्डिनेटर डॉ. सतीश खोला विशेष रूप से उपस्थित रहे। डॉ. सतीश खोला ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का स्पष्ट विजन है कि प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को उसकी समस्या का समाधान समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराया जाए। इसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए सोमवार व बृहस्पतिवार को सुबह 10 से 12 बजे तक समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों को इन शिविरों का अधिक से अधिक लाभ उठाना चाहिए और अपनी समस्याओं के समाधान के लिए निर्धारित दिवसों पर शिविरों में पहुंचना चाहिए। डॉ. सतीश खोला ने कहा कि हरियाणा सरकार जनसेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी स्वयं समाधान शिविरों की प्रगति एवं प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की नियमित समीक्षा करते हैं। इससे अधिकारियों की जवाबदेही बढ़ी है तथा समस्याओं के समाधान की प्रक्रिया और अधिक प्रभावी बनी है। इस अवसर पर जिला नगर आयुक्त ब्रह्म प्रकाश, एसडीएम सुरेश कुमार, सीटीएम जितेंद्र कुमार, डीएसपी रविंद्र सहित विभिन्न विभागों के अधिकारीगण मौजूद रहे।



एसआरआई की इंडक्शन प्रशिक्षण कार्यशाला में फेलोज को मिला प्रेरणादायक मार्गदर्शन
रेवाड़ी, 11 जून, अभीतक: एसआरआई (सेल्फ रिलायंट इंडिया) द्वारा नव चयनित शोधार्थी(फेलोज) के लिए आयोजित एक सप्ताह की इंडक्शन प्रशिक्षण कार्यशाला में फेलोज को विद्यालय एवं समुदाय स्तर पर प्रभावी रूप से कार्य करने के लिए तैयार किया जा रहा है। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य फेलोज को बच्चों के समग्र विकास, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, सीखने के स्तर में सुधार तथा समुदाय के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने की समझ और कौशल प्रदान करना है। कार्यशाला के डीसी अभिषेक मीणा ने प्रशिक्षण स्थल का दौरा किया और फेलोज से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने फेलोज द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में फेलोज की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि वे विद्यालय और समुदाय के बीच एक मजबूत सेतु के रूप में कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक बच्चे की सीखने की गति, क्षमता और आवश्यकता अलग-अलग होती है। इसलिए शिक्षण कार्य करते समय बच्चों की व्यक्तिगत आवश्यकताओं, सीखने की चुनौतियों और उनकी भिन्नताओं को ध्यान में रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि यदि शिक्षक और फेलो प्रत्येक बच्चे तक पहुंच बनाकर उसकी जरूरतों के अनुसार सहयोग प्रदान करें, तो शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर और स्थायी परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं। डीसी ने कहा कि कक्षा में केवल सामूहिक शिक्षण तक सीमित रहने के बजाय बच्चों की व्यक्तिगत प्रगति पर भी विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। बच्चों की क्षमताओं और चुनौतियों को समझकर बनाई गई शिक्षण योजना न केवल उनके सीखने के स्तर में सुधार लाती है, बल्कि उनके आत्मविश्वास, सहभागिता और आगे बढ़ने की इच्छा को भी मजबूत करती है। एसआरआई पिछले कई वर्षों से सरकारी शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, वंचित पृष्ठभूमि के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण सीखने के अवसर उपलब्ध कराने तथा उन्हें जवाहर नवोदय विद्यालय, एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूल, सैनिक स्कूल जैसे उत्कृष्ट सरकारी आवासीय विद्यालयों तक पहुँचाने के लिए कार्य कर रहा है। संस्था का नन्हें कॉलम फेलोशिप मॉडल स्थानीय युवाओं को फेलो के रूप में तैयार करता है, जो सरकारी विद्यालयों एवं समुदायों में बच्चों के साथ नियमित रूप से कार्य करते हैं। इसके साथ ही एसआरआई शिक्षक प्रशिक्षण, समुदाय सहभागिता, नियमित मूल्यांकन, अभिभावक संवाद और बच्चों की सीखने की जरूरतों के आधार पर सहयोग प्रदान करने पर विशेष जोर देता है। कार्यशाला के दौरान फेलोज को बच्चों के साथ प्रभावी संवाद, कक्षा प्रबंधन, सीखने के स्तर की पहचान, पाठ योजना, समुदाय से जुड़ाव, अभिभावक बैठक, मूल्यांकन एवं री-टीचिंग जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रियाओं पर प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम फेलोज ने कहा कि वे एसआरआई के उद्देश्य के अनुरूप प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर अवसर पहुंचाने के लिए पूरी निष्ठा के साथ कार्य करेंगे।
जिला में स्वच्छता शपथ दिलवाकर विशेष स्वच्छता अभियान का शुभारंभ
विशेष स्वच्छता अभियान के तहत 20 जून तक आयोजित होंगी विभिन्न गतिविधियां : सीईओ जिला परिषद
रेवाड़ी, 11 जून, अभीतक: अतिरिक्त उपायुक्त एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद राहुल मोदी ने बताया कि जिला में 11 जून से 20 जून 2026 तक विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। जिसमें विभिन्न गतिविधियां आयोजित करवाई जा रही है। उन्होंने बताया कि इस विशेष स्वच्छता अभियान 2026 में सफाई, जागरूकता और जन भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। जिसका उद्देश्य स्वच्छता जागरूकता, पर्यावरणीय स्थिरता, नागरिक भागीदारी और ग्रामीण क्षेत्रों में व्यवहार परिवर्तन लाना है। गुरुवार को सीईओ जिला परिषद राहुल मोदी के मार्गदर्शन में उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी अंकित चैहान द्वारा स्वच्छता शपथ दिलवाकर विशेष स्वच्छता अभियान 2026 का शुभारंभ किया गया। मुख्य कार्यकारी अधिकारी राहुल मोदी ने बताया कि इस विशेष स्वच्छता अभियान के तहत 12 जून को गांव स्तर पर जागरूकता सत्र आयोजित कर ठोस अपशिष्ट नियम 2026 के बारे में जागरुक किया जाएगा जिसमें गीला, सूखा, सैनिटरी, विशेष देखभाल कचरा के बारे में बताया जाएगा, 13 जून को सडकों की सफाई, कचराध्गाद हटाना, नालियां साफ की सफाई की जाएगी, 14 जून को सामुदायिक शौचालयध्एसडब्ल्यूएम शेड की सफाई, मरम्मत की जाएगी, 15 जून को कचरा संवेदनशील क्षेत्रों की सफाई व नो-डंपिंग बोर्ड लगवाए जाएंगे, 16 जून को ग्राम सचिवालयध्पंचायत घर की सफाई, 17 जून को धार्मिक स्थान व भीड़भाड़ वाले क्षेत्र की सफाई, 18 जून को अंबेडकर भवनध्शहीद स्मारक की सफाई, 19 जून को फिरनीध्सार्वजनिक स्थान की सफाई तथा 20 जून को गौरव पथ, जलाशयध्अमृत सरोवर की सफाई, पेड़ लगाना आदि शामिल है। उन्होंने बताया कि इसके अलावा 15 व 16 जून को घर-घर जागरूकता, रंगीन डिब्बों से कचरा अलग करने बारे में और ई-कचरा और खतरनाक घरेलू सामान इकऋा करने के बारे में जागरुक किया जाएगा, 17 जून को विधायक आदर्श ग्राम योजना व सांसद आदर्श ग्राम योजना वाले गांवों में विशेष सफाई अभियान चलाया जाएगा और वृक्षारोपण, स्वच्छता चैंपियन का सम्मान किया जाएगा। 18 जून को गांवों में सिंगल-यूज प्लास्टिक, बोतलें, थर्मोकोल इकऋा करना और प्लास्टिक बैन पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा ल, 18 जून को खुली नालियों का सर्वे, गाद निकालना, ठोस कचरा हटाना का कार्य किया जाएगा।



एडीआर सेंटर में परामर्श एवं व्यक्तिगत संवाद सत्रों का आयोजन
रेवाड़ी, 11 जून, अभीतक: हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, पंचकुला के तत्वावधान में माननीय सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में ‘समाधान समारोह’ के अंतर्गत ए.डी.आर. सेंटर, रेवाड़ी में वीरवार को परामर्श एवं व्यक्तिगत संवाद सत्रों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर डॉ. रेनू सोलखे, सीजेएम-सह-सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, रेवाड़ी ने वादकारियों से व्यक्तिगत रूप से संवाद किया। उन्होंने मध्यस्थता के लाभों के बारे में जानकारी दी तथा पक्षकारों को अपने विवाद आपसी सहमति से सुलझाने हेतु प्रेरित किया।
विश्व बाल श्रम निषेध दिवस’ के संबंध में हितधारकों के साथ की बैठक
रेवाड़ी, 11 जून, अभीतक: हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, पंचकुला द्वारा जारी कार्य योजना के अनुपालन में डॉ. रेनू सोलखे, सीजेएम-सह-सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, रेवाड़ी ने वीरवार को एडीआर सेंटर, रेवाड़ी में ‘विश्व बाल श्रम निषेध दिवस’ के संबंध में हितधारकों की बैठक आयोजित की। बैठक में जागरूकता कार्यक्रमों, बाल श्रम मामलों की पहचान तथा श्रम विभाग, पुलिस एवं जिला बाल संरक्षण इकाई, रेवाड़ी के साथ समन्वय पर विस्तृत चर्चा की गई। इस दिवस पर जागरूकता फैलाने तथा बाल श्रम कानूनों के प्रवर्तन को सुनिश्चित करने हेतु गतिविधियों के आयोजन के लिए एक प्रारूप योजना तैयार की गई है।
जनता की समस्याओं के निस्तारण के लिए प्रशासन तत्पर’
समाधान शिविरों के माध्यम से नागरिकों को एक ही स्थान पर मिल रहा शिकायतों के समाधान का अवसर’
बेरी, 11 जून, अभीतक: हरियाणा सरकार की जनहितकारी पहल के तहत आयोजित उपमंडल स्तरीय समाधान शिविर में गुरुवार को एसडीएम रेणुका नांदल के मार्गदर्शन में नायब तहसीलदार मनोज कुमार व उपाधीक्षक राजेश खत्री ने नागरिकों की समस्याएं सुनीं और संबंधित विभागों के अधिकारियों को उनके त्वरित समाधान के निर्देश दिए। नायब तहसीलदार मनोज कुमार ने कहा कि आमजन की शिकायतों और समस्याओं का समयबद्ध एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा उपमंडल स्तर पर लगाए जा रहे समाधान शिविर लोगों और प्रशासन के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने का माध्यम बन रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में निपटारा सुनिश्चित किया जाए तथा शिकायतकर्ताओं को संतोषजनक समाधान उपलब्ध कराया जाए। इस अवसर पर पीडब्ल्यूडी के जेई अभिषेकराज शर्मा, जनस्वास्थ्य विभाग के जेई प्रवीण कुमार, बिजली निगम से जेई योगेश कुमार, पटवारी मंजीत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बेरी में गुरुवार को आयोजित समाधान शिविर में नागरिकों की समस्याएं सुनते अधिकारी।



सोनीपत: सोनीपत के कबीरपुर से सामने आई दिल दहला देने वाली घटना
मोबाइल फोन न मिलने की जिद ने ली 16 साल के नाबालिग की जान
नाबालिग ने घर में फांसी लगाकर किया सुसाइड
आनन-फानन में नागरिक अस्पताल लेकर पहुंचे परिजन,डॉक्टरों ने जांच के बाद किया मृत घोषित
डॉक्टर के अनुसार मोबाइल फोन न मिलने से नाराज था नाबालिग
घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल
शव को पोस्टमार्टम के लिए सोनीपत नागरिक अस्पताल के शवगृह में रखवाया
पुलिस ने बताया परिजनों की शिकायत के बाद की जाएगी आगामी कार्रवाई
पानीपत: पानीपत के डिकाडला गांव में तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने स्कूटी सवार तीन लोगों को कुचला, मौके पर तीनों की मौत’
मृतकों के परिजनों ने लगाया साजिश कर तीनों की कुचलकर हत्या करने के आरोप
हादसे के बाद मौके से स्कॉर्पियो चालक फरार
विनोद अनिप नरेंद्र की मौत के पीछे परिजनों ने बताया गांव के लोगों की साजिश
समालखा पुलिस ने तीनों के शवों को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू की
खेत से घर आ रहे थे विनोद नरेंद्र अनीप इसी दौरान स्कॉर्पियो गाड़ी ने तीनों को कुचला
हादसा या वारदात जांच में जुटी पुलिस।
हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल कार्यान्वयन के लिए चुनावी अमले को दिया जा रहा है प्रशिक्षण- ए. श्रीनिवास
नागरिकों की सहायता के लिए सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 और हेल्प डेस्क किए चालू
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार हरियाणा में श्विशेष गहन पुनरीक्षण-2026श् को पूरी तरह सफल, प्रभावी, पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री ए. श्रीनिवास ने बताया कि इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए राज्य के सभी जिलों में निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (ईआरओ), अतिरिक्त निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (एईआरओ) और बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के लिए 5 जून से 12 जून 2026 तक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पूरी पुनरीक्षण प्रक्रिया को पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाना है। प्रशिक्षण के दौरान बीएलओ को मुख्य बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी और निर्देश दिए जा रहे हैं, जैसे कि मृत या स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं का सही सत्यापन करना, निर्वाचन आयोग की डिजिटल तकनीकों और ऐप्स के कुशल उपयोग पर प्रशिक्षण, शत-प्रतिशत पंजीकरण कर प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना ताकि कोई भी योग्य मतदाता अपने मताधिकार से वंचित न रहे, निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित समय सारणी (टाईम-लाइन) के भीतर सभी कार्य गंभीरता और जिम्मेदारी से पूरा करना शामिल है। उन्होंने कहा कि बीएलओ जनता और निर्वाचन आयोग के बीच की सबसे मजबूत कड़ी हैं। उन्हें मतदाताओं के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने और हर पात्र नागरिक को इस प्रक्रिया से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलों में विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंटों के लिए भी ओरिएंटेशन वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है। इस वर्कशॉप का उद्देश्य उन्हें विशेष गहन पुनरीक्षण की बारीकियों, इसके उद्देश्य और प्रक्रिया में उनकी भूमिका व जिम्मेदारियों से अवगत कराना है, ताकि वे इस राष्ट्रीय कार्य में अपना सक्रिय सहयोग दे सकें। श्री ए. श्रीनिवास ने जानकारी दी कि मतदाताओं की सुविधा और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए राज्य के सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 चालू कर दिया गया है। इसके अलावा, सभी निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों के कार्यालयों में विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में अपने नाम की जांच कर सकते हैं, नए पंजीकरण (नाम जुड़वाने) के लिए आवेदन कर सकते हैं, पुराने रिकॉर्ड में आवश्यक संशोधन या सुधार करवा सकते हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हेल्प डेस्क पर आने वाले नागरिकों को सभी आवश्यक प्रपत्र (फॉर्म) तुरंत उपलब्ध कराए जाएं और उनकी निर्वाचन संबंधी हर समस्या का मौके पर ही त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने निभाया बड़ा वादा, 8वीं कक्षा के इतिहास पाठ्यक्रम में शामिल हुआ सिख गुरुओं का इतिहास
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने सिख समाज और प्रदेशवासियों से किया गया एक महत्वपूर्ण वादा पूरा करते हुए राज्य के विद्यालयों की कक्षा 8वीं के इतिहास पाठ्यक्रम में सिख गुरुओं व बाबा बन्दा सिंह बहादुर से जुड़े इतिहास को शामिल किया है। अब स्कूली बच्चे सिख गुरुओं के साथकृसाथ बाबा बन्दा सिंह बहादुर जी के त्याग, बलिदान और आदर्शों से रूबरू होंगे। मुख्यमंत्री ने हरियाणा में मनाए गए गुरु तेगबहादुर जी के 350वें शहीदी समागम के अवसर पर घोषणा की थी कि आने वाली पीढ़ियों को सिख इतिहास, गुरुओं के आदर्शों और उनके महान बलिदानों से परिचित कराने के लिए इन्हें विद्यालयी शिक्षा का हिस्सा बनाया जाएगा। अब सरकार ने इस घोषणा को अमलीजामा पहनाते हुए इसे पाठ्यक्रम में शामिल कर दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरु नानक देव जी से लेकर गुरु गोबिंद सिंह जी तक सभी सिख गुरुओं ने मानवता, समानता, सेवा, करुणा, भाईचारे और सामाजिक न्याय का संदेश दिया। उन्होंने समाज को जाति, धर्म और वर्ग के भेदभाव से ऊपर उठकर मानव कल्याण के लिए कार्य करने की प्रेरणा दी। सिख गुरुओं की शिक्षाएं आज भी उतनी ही प्रासंगिक हैं, क्योंकि वे समाज में सद्भाव, नैतिक मूल्यों और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का मार्ग दिखाती हैं। मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि सिख गुरुओं और बाबा बंदा सिंह बहादुर का जीवन केवल एक समुदाय की धरोहर नहीं, बल्कि सम्पूर्ण राष्ट्र के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि बाबा बंदा सिंह बहादुर ने गुरु गोबिंद सिंह जी की प्रेरणा से अन्याय, अत्याचार और शोषण के विरुद्ध संघर्ष करते हुए समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों को सम्मान और अधिकार दिलाने का ऐतिहासिक कार्य किया। उनका जीवन साहस, नेतृत्व, राष्ट्रभक्ति और जनकल्याण की भावना का अद्वितीय उदाहरण है, जो आज भी युवाओं को सत्य और न्याय के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। श्री सैनी ने कहा कि वर्तमान समय में जब नई पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास और महान व्यक्तित्वों के आदर्शों से जोड़ने की आवश्यकता है, तब सिख गुरुओं और बाबा बंदा सिंह बहादुर के जीवन पर आधारित अध्याय विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का माध्यम बनेंगे। इन अध्यायों के माध्यम से विद्यार्थियों में देशभक्ति, सेवा भाव, सामाजिक समरसता, नैतिक मूल्यों और जिम्मेदार नागरिकता की भावना का विकास होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार शिक्षा को केवल ज्ञान प्राप्ति का माध्यम नहीं, बल्कि संस्कार निर्माण का सशक्त साधन मानती है। इसी सोच के तहत विद्यालयी पाठ्यक्रम में ऐसे महापुरुषों के जीवन और शिक्षाओं को स्थान दिया जा रहा है, जिन्होंने राष्ट्र और समाज के लिए अनुकरणीय कार्य किए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल विद्यार्थियों को अपनी सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें एक संवेदनशील, जागरूक और राष्ट्रहित के प्रति समर्पित नागरिक बनने की प्रेरणा देगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर कार्य कर रही है और भविष्य में भी महान संतों, गुरुओं तथा राष्ट्रनायकों के आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए सार्थक कदम उठाती रहेगी। मुख्यमंत्री के ओएसडी डॉ प्रभलीन सिंह ने हरियाणा सरकार की इस महत्वपूर्ण पहल के लिए मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने सिख समुदाय की लंबे समय से लंबित और भावनात्मक रूप से जुड़ी मांग को पूरा कर समाज की भावनाओं का सम्मान किया है। यह निर्णय न केवल सिख समुदाय के लिए सम्मान और गौरव का विषय है, बल्कि प्रदेश सरकार की सभी वर्गों के प्रति संवेदनशीलता और समावेशी सोच को भी दर्शाता है।
हरियाणा के राज्यपाल ने रोहतक अग्निकांड में मृतकों के परिजनों के लिए 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह सहायता राशि देने की करी घोषणा
घायलों का सरकारी अस्पतालों में मुफ्त इलाज सुनिश्चित करे जिला प्रशासन
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने रोहतक के डी-पार्क मार्केट क्षेत्र में आग लगने की दुखद घटना में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह सहायता राशि प्रदान करने की घोषणा की है। 9 जून को रोहतक के सबसे पुराने एवं व्यस्त बाजार क्षेत्रों में से एक डी-पार्क मार्केट में लगी भीषण आग की दुखद घटना में तीन लोगों की मृत्यु हो गई तथा अनेक दुकानें जलकर क्षतिग्रस्त हो गईं। इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने शोक-संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं तथा दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की भी कामना की। राज्यपाल ने उपायुक्त, रोहतक को घटना से हुए नुकसान का विस्तृत आकलन कर अति शीघ्र रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रभावित लोगों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन तत्परता से कार्य करे। प्रो. असीम कुमार घोष ने जिला प्रशासन को यह भी निर्देश दिए कि घटना में घायल हुए सभी लोगों को सरकारी अस्पतालों में निःशुल्क चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित की जाए।
हरियाणा सरकार ने ‘भविष्य विभाग’ के लिए मांगे आवेदन
प्रतिनियुक्ति के आधार पर भरे जाएंगे 35 पद
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक और तकनीकी दूरदर्शिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किए गए भविष्य विभाग को पूरी तरह क्रियाशील करने की कवायद तेज कर दी है। सरकार के वित्त विभाग ने इस नए निदेशालय के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न श्रेणियों के कुल 35 नियमित पदों को मंजूरी दे दी है। इन पदों को अनुभवी कर्मियों से भरने के लिए सरकार ने राज्य के विभिन्न सरकारी विभागों, बोर्डों, निगमों और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में कार्यरत योग्य अधिकारियों व कर्मचारियों से प्रतिनियुक्ति के आधार पर आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस भर्ती प्रक्रिया के तहत निदेशालय में विभिन्न श्रेणियों में नियुक्तियां की जाएंगी। इनमें उप निदेशक के 2 पद, निजी सचिव, लेखा अधिकारी, अधीक्षक और अनुभाग अधिकारी का 1-1 पद, सहायक निजी सचिव के 3 पद तथा सहायक, जूनियर स्केल स्टेनो, क्लर्क और ड्राइवर के 4-4 पद शामिल हैं। इसके अलावा, चपरासी, स्वीपर और चैकीदार के कुल 8 पदों को भी प्रतिनियुक्ति के माध्यम से भरा जाएगा। सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, प्रतिनियुक्ति की प्रारंभिक अवधि एक वर्ष के लिए होगी, जिसे राज्य सरकार के मानक निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ाया जा सकता है। यह व्यवस्था निदेशालय में नियमित भर्ती होने या प्रतिनियुक्ति अवधि समाप्त होने, जो भी पहले हो, तक लागू रहेगी। इस सेवा के दौरान चयनित उम्मीदवारों को उनके मूल विभाग के कार्यात्मक वेतनमान के अनुसार ही वेतन और भत्ते मिलते रहेंगे तथा उनकी सेवा शर्तें पूरी तरह से हरियाणा सिविल सेवा के नियमों के तहत ही संचालित होंगी। इच्छुक और पात्र कर्मचारी अपने संबंधित विभागों के माध्यम से उचित माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। आवेदकों को अपने आवेदन पत्र के साथ पिछले 5 वर्षों की वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट का सारांश और सतर्कता विभाग या अनुशासनात्मक मामलों से मुक्त होने का एक स्पष्ट अनापत्ति प्रमाण पत्र संग्लन करना अनिवार्य होगा। प्रक्रिया को गति देने के लिए कर्मचारी अपने आवेदन की एक अग्रिम प्रति सीधे विभाग की ईमेल आईडी पर भी भेज सकते हैं, हालांकि अंतिम चयन केवल डाक द्वारा उचित माध्यम से प्राप्त भौतिक दस्तावेजों के आधार पर ही किया जाएगा।
हरियाणा में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी मजबूती
स्वास्थ्य विभाग और मेदांता फाउंडेशन के बीच हुआ समझौता
इस पहल से क्षेत्र में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार होगा : आरती सिंह राव
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में आज एक बड़ा कदम उठाया गया है। प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग ने आज महेंद्रगढ़ जिले के अटेली स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (ब्भ्ब्) के अपग्रेडेशन और संचालन को मजबूत करने के लिए श्मेदांता फाउंडेशन दृ पुअर एंड नीडी पेशेंट्स वेलफेयर ट्रस्टश् के साथ एक समझौता ज्ञापन (डवन्) पर हस्ताक्षर किए हैं। एमओयू पर हस्ताक्षर होने के बाद हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव तथा मेदांता फाउंडेशन के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक डॉ नरेश त्रेहन इस एमओयू को एक्सचेंज किया। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ सुमिता मिश्रा, मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च के निदेशक श्री यशेंद्र सिंह, हरियाणा मेडिकल सर्विसेज कारपोरेशन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री मनोज कुमार, स्वास्थ्य सेवाएं विभाग के महानिदेशक डॉ मनीष बंसल, निदेशक डॉ ब्रह्मदीप भी उपस्थित थे। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने इस एमओयू को प्रदेश के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने सरकार और मेदांता के इस सहयोग की सराहना करते हुए बताया कि यह सहयोग सार्वजनिक-निजी भागीदारी के माध्यम से दूर-दराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे और स्वास्थ्य परिणामों को बेहतर बनाने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पहल से क्षेत्र में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार होगा और लोगों को अपने घर के नजदीक ही बेहतरीन स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। उन्होंने बताया कि इस साझेदारी के तहत अटेली के स्वास्थ्य केंद्र को 50 बिस्तरों वाले उप-मंडल अस्पताल (सब-डिविजनल हॉस्पिटल) के रूप में अपग्रेड किया जाना प्रस्तावित है, जिसके बाद रेवाड़ी के मीरपुर और गुरुग्राम के फर्रुखनगर में भी इसी तरह के सुधार किए जाएंगे। इस रणनीतिक साझेदारी का मुख्य उद्देश्य बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाकर, विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करके, स्वास्थ्य कर्मियों की क्षमता निर्माण और सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रमों के माध्यम से महिलाओं, नवजातों और बच्चों के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच को आसान बनाना है। मेदांता फाउंडेशन के चेयरमैन डॉ नरेश त्रेहन ने बताया कि इस समझौते के तहत मेदांता फाउंडेशन अटेली में एक समर्पित सिजेरियन सेक्शन ऑपरेशन थिएटर की स्थापना, लेबर रूम का नवीनीकरण, अल्ट्रासाउंड और डायग्नोस्टिक उपकरणों की स्थापना के साथ-साथ मातृ एवं नवजात देखभाल सेवाओं को मजबूत करने और एक एनीमिया स्क्रीनिंग क्लिनिक स्थापित करने में पूरा सहयोग देगा। स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख सचिव डॉ सुमिता मिश्रा ने बताया कि यह फाउंडेशन एक स्वीकृत सेवा प्रदाता के माध्यम से स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ, एनेस्थेटिस्ट और रेडियोलॉजिस्ट सहित विशेषज्ञ चिकित्सा जनशक्ति की उपलब्धता भी सुनिश्चित करेगा। इस अनूठी पहल से क्षेत्र के लोगों को प्रिवेंटिव और क्यूरेटिव आउटपेशेंट (व्च्क्) सेवाएं, महिलाओं के लिए कैंसर स्क्रीनिंग, पॉइंट-ऑफ-केयर डायग्नोस्टिक टेस्टिंग, नवजातों के लिए श्कंगारू मदर केयरश् (ज्ञडब्) सुविधाएं, एम्बुलेंस सहायता और समुदाय में नियमित स्वास्थ्य आउटरीच कैंप जैसी महत्वपूर्ण सुविधाएं मिल सकेंगी। उन्होंने जानकारी दी कि यह समझौता शुरुआत में तीन साल की अवधि के लिए किया गया है, जिसे आपसी सहमति से आगे भी बढ़ाया जा सकता है। इस व्यवस्था के तहत स्वास्थ्य विभाग आवश्यक बुनियादी ढांचा, उपयोगिताएं, दवाएं, प्रयोगशाला और डायग्नोस्टिक सहायता प्रदान करेगा, जबकि मेदांता फाउंडेशन तकनीकी विशेषज्ञता, उपकरण, क्षमता निर्माण और विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में अपना योगदान देगा। आरती सिंह राव ने विश्वास व्यक्त किया कि यह सहयोग हरियाणा में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और राज्य के लोगों के लिए बेहतर स्वास्थ्य परिणाम सुनिश्चित करने के प्रयासों में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा।
फतेहाबाद के बलदेव ग्रोहा बने हरियाणा सरकार में चेयरमैन: एससी वित्त एवं विकास निगम संभालेंगे, बीजेपी के दो बार जिलाध्यक्ष रह चुके
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा सरकार ने फतेहाबाद के वरिष्ठ भाजपा नेता बलदेव ग्रोहा को बड़ी जिम्मेदारी देते हुए हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम (एचएससीएफडीसी) का चेयरमैन नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति के आदेश जारी होने के बाद फतेहाबाद सहित पूरे जिले के भाजपा कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है। पार्टी नेताओं और समर्थकों ने उन्हें नई जिम्मेदारी मिलने पर बधाई दी है। बलदेव ग्रोहा भाजपा के पुराने और सक्रिय नेताओं में गिने जाते हैं। उन्होंने संगठन में लंबे समय तक विभिन्न पदों पर काम किया है और पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वे दो बार भाजपा फतेहाबाद के जिलाध्यक्ष रह चुके हैं। उनके कार्यकाल के दौरान पार्टी ने जिले में कई संगठनात्मक अभियान चलाए और बूथ स्तर तक अपनी पकड़ मजबूत की। भाजपा नेतृत्व के साथ उनके अच्छे संबंध और संगठनात्मक अनुभव को देखते हुए उन्हें यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बलदेव ग्रोहा की नियुक्ति से अनुसूचित जाति वर्ग से जुड़े लोगों के बीच सरकार की योजनाओं को और प्रभावी तरीके से पहुंचाने में मदद मिलेगी। हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम का मुख्य उद्देश्य अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। निगम स्वरोजगार, शिक्षा, कौशल विकास और विभिन्न आर्थिक गतिविधियों के लिए ऋण एवं सहायता योजनाएं संचालित करता है। चेयरमैन के रूप में बलदेव ग्रोहा अब निगम की नीतियों और योजनाओं की निगरानी करेंगे। साथ ही यह सुनिश्चित करेंगे कि सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचे। माना जा रहा है कि उनके राजनीतिक अनुभव और सामाजिक कार्यों का लाभ निगम के कामकाज को और बेहतर बनाने में मिलेगा। फतेहाबाद में बलदेव ग्रोहा की पहचान एक सक्रिय सामाजिक और राजनीतिक कार्यकर्ता के रूप में रही है। वे लंबे समय से विभिन्न जनहित मुद्दों को उठाते रहे हैं और क्षेत्र में भाजपा के प्रमुख चेहरों में शामिल हैं। उनकी नियुक्ति को भाजपा संगठन में समर्पित कार्यकर्ताओं को सम्मान देने के रूप में भी देखा जा रहा है। सरकार के इस फैसले को आगामी समय में संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भाजपा कार्यकर्ताओं का कहना है कि बलदेव ग्रोहा के नेतृत्व में निगम अनुसूचित जाति वर्ग के उत्थान और कल्याण के लिए और अधिक प्रभावी ढंग से काम करेगा।
हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह को स्मृति चिन्ह भेंट करते हुए
हरियाणा के 23 जिलों के 1100 श्रद्धालुओं ने हाथ में दीपक जलाकर की सोमनाथ की आराधना
22 मिनट की श्री सोमनाथ महाआरती के दौरान भक्ति भाव में डूबे हरियाणा के श्रद्धालू
श्री सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किया मुख्यमंत्री नायब सिंह द्वारा भेजा गया स्मृति चिह्न
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा के 23 जिलों से गुजरात के सोमनाथ मंदिर पहुंचे लगभग 1100 श्रद्धालुओं ने बुधवार सायं हाथ में दीपक जलाकर भगवान सोमनाथ की महाआरती में शिरकत की। अरब सागर की लहरों की गर्जन के बीच आयोजित इस महाआरती का दृश्य इतना मनोहारी था कि हर व्यक्ति किसी दिव्य अहसास के साथ भक्ति भाव में डूबा हुआ था। इस दौरान हरियाणा के श्रद्धालू 45 मिनट के लाइट एंड साउंड के माध्यम से श्री सोमनाथ मंदिर के अद्भुत एवं अनोखे इतिहास से भी रूबरू हुए। सूचना, जन संपर्क एवं भाषा विभाग, हरियाणा के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की तरफ से भेजे गए स्मृति चिह्न व शाल आदि सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किए। मंदिर ट्रस्ट ने आरती के दौरान हरियाणा की खुशहाली की कामना की। उल्लेखनीय है कि हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने 8 जून को मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के अंतर्गत 1100 श्रद्धालुओं की स्पेशल ट्रेन को कुरुक्षेत्र से हरी झंडी दिखाकर गुजरात के सोमनाथ मंदिर के दर्शन के लिए रवाना किया था। इस यात्रा के श्रद्धालुओं ने बुधवार को सोमनाथ मंदिर पहुंचकर भगवान सोमनाथ के दर्शन किए। यहां सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट व गुजरात सरकार द्वारा श्रद्धालुओं के लिए सोमनाथ दर्शन व जलाभिषेक करवाने के लिए वीआईपी व्यवस्था की गई थी। वीआईपी व्यवस्था के बीच लगभग 1100 श्रद्धालुओं व सूचना जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के अधिकारियों व स्टाफ के सदस्यों ने प्रथम ज्योतिर्लिंग के दर्शन किए और शिवलिंग पर जलाभिषेक किया। सभी श्रद्धालुओं को गुजरात सरकार व ट्रस्ट की तरफ से अंग वस्त्र व प्रसाद देकर सम्मानित किया गया। इसके बाद मंदिर परिसर में भगवान सोमनाथ की 22 मिनट की महाआरती में श्रद्धालुओं ने हाथ में जलते दिये लेकर भागीदारी की और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। तत्पश्चात श्रद्धालुओं को सोमनाथ मंदिर पर आधारित डॉक्यूमेंट्री फिल्में दिखाई गईं। इनके माध्यम से श्री सोमनाथ मंदिर के 1000 साल के इतिहास, आजादी के बाद मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए किए गए कार्यों और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए सोमनाथ स्वाभिमान पर्व और अन्य प्रयासों व उनके संदेश को दिखाया गया। इसके उपरांत लाइट एंड साउंड का शो के माध्यम से विदेशी आक्रांताओं द्वारा समय-समय पर किए गए मंदिर के विध्वंस की कहानी के साथ ही शिव भक्तों, महान शख्सियतों और सरकार द्वारा किए गए जीर्णोद्धार के कामों को बखूबी दर्शाया गया। हरियाणा के श्रद्धालुओं को श्री सोमनाथ मंदिर के आसपास के तीर्थों व मंदिरों के दर्शन भी करवाए गए। गुजरात में श्रद्धालुओं के लिए खाने, रहने व यातायात की बेहतर व्यवस्था की गई थी। सभी श्रद्धालुओं ने दिल खोलकर इन व्यवस्थाओं की तारीफ की। कार्यक्रम के अंत में हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की तरफ से भेजे गए स्मृति चिह्न, शाल आदि को ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किए गए। इस मौके पर आईपीआरओ सत्यपाल सिंह, कुरुक्षेत्र के डीआईपीआरओ डॉ. नरेंद्र सिंह, भिवानी के डीआईपीआरओ सुरेंद्र कुमार, अधीक्षक हाकिम सिंह, एआईपीआरओ बलराम शर्मा, एआईपीआरओ अक्षय कुमार, युवा विकास अधिकारी अश्विन सोलंकी, जिला विकास जिला युवा विकास अधिकारी गुजरात हरीश कुमार, स्टे वैल कंपनी के अधिकारी जयदीप सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
दिव्यांगजनों के प्रशिक्षण कार्यक्रमों में मिलेगी सांकेतिक भाषा व्याख्या सहायता
अधिक सुगम और समावेशी होंगे सरकारी प्रशिक्षण कार्यक्रम
श्रवण बाधित तथा संचार संबंधी दिव्यांगताओं से ग्रस्त व्यक्तियों को होगी सहूलियत
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा सरकार ने दिव्यांगजनों के लिए होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रमों में सांकेतिक भाषा (साइन लैंग्वेज) व्याख्या सहायता उपलब्ध कराने की पहल की है। मुख्य सचिव श्री अनुराग रस्तोगी ने इस संबंध में राज्य के सभी प्रशासनिक सचिवों को निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने केन्द्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) द्वारा जारी कार्यालय ज्ञापन को भेजते हुए दिव्यांगजनों के प्रशिक्षण कार्यक्रमों के दौरान सांकेतिक भाषा व्याख्या सहायता उपलब्ध कराने संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने को कहा है। जारी पत्र के अनुसार, केंद्र सरकार ने श्रवण बाधित तथा संचार संबंधी अन्य दिव्यांगताओं से ग्रस्त व्यक्तियों के लिए सरकारी प्रशिक्षण कार्यक्रमों को अधिक सुगम और समावेशी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया है। कार्यालय ज्ञापन में दिव्यांगजन अधिकारों के मुख्य आयुक्त (सीसीपीडी) द्वारा की गई सिफारिशों का उल्लेख करते हुए प्रशिक्षण कार्यक्रमों में उपयुक्त सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा दिव्यांगजनों की समावेशी भागीदारी सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर बल दिया गया है। सभी सरकारी विभागों और प्रशिक्षण संस्थानों को दिव्यांगजनों की भागीदारी वाले प्रशिक्षण सत्रों में सांकेतिक भाषा दुभाषियों तथा अन्य सुगम्यता सहायता सेवाओं की आवश्यकता का आकलन करने और आवश्यकता अनुसार उनकी व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। पत्र में कहा गया है कि श्रवण बाधित व्यक्तियों के लिए प्रभावी संवाद और सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने हेतु सांकेतिक भाषा व्याख्या एक अत्यंत महत्वपूर्ण सहायता तंत्र है। इस पहल का उद्देश्य सरकारी एजेंसियों द्वारा संचालित क्षमता निर्माण कार्यक्रमों, कौशल विकास पहलों तथा आधिकारिक प्रशिक्षण गतिविधियों तक दिव्यांगजनों की समान पहुंच सुनिश्चित करना है।
रेणुका डैम बनने से हरियाणा को भी मिलेगा पानी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नायब सैनी व हिमाचल प्रदेश के प्रयासों से तेजी से चल रहा रेणुका डैम का कार्य
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: हरियाणा सरकार जल्द ही सरस्वती नदी प्रोजेक्ट को पूरा कर प्रदेश के किसानों के लिए बहुत बड़ी सौगात देने जा रही है। इस प्रोजेक्ट को सरकार समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके अलावा रेणुका डैम को बनाने का कार्य भी तेजी से चल रहा है तथा जल्द आदिबद्री डैम का कार्य भी शुरू किया जाएगा। सरस्वती नदी बोर्ड के अधिकारियों ने डिप्टी चेयरमैन धूमन सिंह किरमच के नेतृत्व में एचपीसीएल डैम प्रोजेक्ट अथॉरिटी के जीएम अनूप कुमार शर्मा सें कार्यालय में बैठक आयोजित कर आदिबद्री डैम, रेणुका डैम परियोजना से संबंधित कार्य को लेकर विस्तार से समीक्षा की। बैठक में एचपीपीसीएल के अधिकारियों ने जल्द आदिबद्री डैम का कार्य भी शुरू करने के लिए सहमति जताई। उन्होंने बताया कि डैम के साथ साथ बैराज का भी कार्य भी जल्द ही शुरू किया जाएगा। डिप्टी चेयरमैन ने बताया कि मुख्यमंत्री एवं सरस्वती बोर्ड के चेयरमैन नायब सैनी के निर्देशानुसार दोनों परियोजनाओं का कार्य अंतिम स्टेज पर टेंडर प्रक्रिया में पहुँच गया। अब सरकार इस प्रक्रिया को पूर्णता लागू कर प्रदेश के किसानों के लिए ख़ुशख़बरी देने वाली है। वर्तमान में हरियाणा सरकार के प्रयासों से प्रदेश के किसानों के लिए पानी की उपलब्धता बढ़ी है और सरस्वती नदी में पानी चलने से सरस्वती नदी के आस पास क्षेत्र के किसानों के चेहरे खिले हैं। सरस्वती नदी प्रोजेक्ट भविष्य की रणनीति है जिस पर सरकार गंभीरता से प्रयास कर रही है।
हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल कार्यान्वयन के लिए चुनावी अमले को दिया जा रहा है प्रशिक्षण- ए. श्रीनिवास
नागरिकों की सहायता के लिए सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 और हेल्प डेस्क किए चालू
चंडीगढ़, 11 जून, अभीतक: भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार हरियाणा में श्विशेष गहन पुनरीक्षण-2026श् को पूरी तरह सफल, प्रभावी, पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री ए. श्रीनिवास ने बताया कि इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए राज्य के सभी जिलों में निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (ईआरओ), अतिरिक्त निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (एईआरओ) और बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के लिए 5 जून से 12 जून 2026 तक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पूरी पुनरीक्षण प्रक्रिया को पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाना है। प्रशिक्षण के दौरान बीएलओ को मुख्य बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी और निर्देश दिए जा रहे हैं, जैसे कि मृत या स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं का सही सत्यापन करना, निर्वाचन आयोग की डिजिटल तकनीकों और ऐप्स के कुशल उपयोग पर प्रशिक्षण, शत-प्रतिशत पंजीकरण कर प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना ताकि कोई भी योग्य मतदाता अपने मताधिकार से वंचित न रहे, निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित समय सारणी (टाईम-लाइन) के भीतर सभी कार्य गंभीरता और जिम्मेदारी से पूरा करना शामिल है। उन्होंने कहा कि बीएलओ जनता और निर्वाचन आयोग के बीच की सबसे मजबूत कड़ी हैं। उन्हें मतदाताओं के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने और हर पात्र नागरिक को इस प्रक्रिया से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलों में विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंटों के लिए भी ओरिएंटेशन वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है। इस वर्कशॉप का उद्देश्य उन्हें विशेष गहन पुनरीक्षण की बारीकियों, इसके उद्देश्य और प्रक्रिया में उनकी भूमिका व जिम्मेदारियों से अवगत कराना है, ताकि वे इस राष्ट्रीय कार्य में अपना सक्रिय सहयोग दे सकें। श्री ए. श्रीनिवास ने जानकारी दी कि मतदाताओं की सुविधा और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए राज्य के सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 चालू कर दिया गया है। इसके अलावा, सभी निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों के कार्यालयों में विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में अपने नाम की जांच कर सकते हैं, नए पंजीकरण (नाम जुड़वाने) के लिए आवेदन कर सकते हैं, पुराने रिकॉर्ड में आवश्यक संशोधन या सुधार करवा सकते हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हेल्प डेस्क पर आने वाले नागरिकों को सभी आवश्यक प्रपत्र (फॉर्म) तुरंत उपलब्ध कराए जाएं और उनकी निर्वाचन संबंधी हर समस्या का मौके पर ही त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए।