Haryana Abhitak News 11/05/26

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झज्जर में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के जिला स्तरीय कार्यक्रम में उमड़ा श्रद्धा व आस्था का सैलाब
शहर के बाबा प्रसादगिरी मंदिर परिसर में हुआ भव्य आयोजन, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का लाइव संबोधन भी हुआ प्रसारित
राज्यसभा सांसद श्री संजय भाटिया रहे मुख्य अतिथि और बहादुरगढ़ के विधायक श्री राजेश जून की रही गरिमामयी उपस्थिति
सोमनाथ मंदिर केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति का जीवंत उदाहरण: सांसद संजय भाटिया
पर्व के उपलक्ष्य में महिलाओं ने निकाली भव्य कलश यात्रा

झज्जर, 11 मई, अभीतक: सोमनाथ मंदिर के प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव के 75 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में शहर के बाबा प्रसाद गिरि मंदिर में सोमवार को जिला स्तरीय कार्यक्रम का भव्य आयोजन हुआ। कार्यक्रम में पहुँचने पर डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल ने मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद संजय भाटिया और विशिष्ट अतिथि बहादुरगढ़ विधायक राजेश जून का स्वागत किया। इस दौरान भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें महिलाओं ने बढ़ चढ़ कर भाग लेते हुए भगवान शिव का जलाभिषेक किया। इस अवसर पर गुजरात के सोमनाथ मंदिर में आयोजित राष्ट्रीय कार्यक्रम से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा कुरुक्षेत्र से राज्य स्तरीय कार्यक्रम से मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का लाइव संबोधन भी श्रद्धालुओं को प्रसारित किया गया, जिसे लोगों ने उत्साहपूर्वक सुना। इस अवसर पर मुख्यातिथि राज्यसभा सांसद संजय भाटिया ने कहा कि सोमनाथ मंदिर केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि भारत की दृढ़ता, संस्कृति और आत्मसम्मान का जीवंत उदाहरण है। उन्होंने कहा कि हजारों वर्षों की चुनौतियों और अनेक आक्रमणों के बावजूद हमारी संस्कृति और विरासत जीवित रही, क्योंकि देशवासियों ने अपनी आस्था और संस्कारों को कभी टूटने नहीं दिया। उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक स्थल सदियों पुरानी आध्यात्मिक परंपरा का केंद्र रहा है। बाबा प्रसाद गिरि से लेकर अब तक अनेक संत महात्माओं द्वारा इस धरोहर को संभालने का कार्य निरंतर किया जा रहा है। उन्होंने मंदिर परिसर में भगवान शिव का जलाभिषेक के साथ साथ बाबा प्रसाद गिरी की समाधि को नमन किया। उन्होंने कहा कि सोमनाथ मंदिर का इतिहास हमें यह संदेश देता है कि कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी हमें अपने संकल्प और आत्मविश्वास के साथ खड़े रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई बार मंदिर पर आक्रमण हुए लेकिन हर बार उसका पुनर्निर्माण हुआ। यह हमारी संस्कृति की अटूट शक्ति और दृढ़ता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हम अपने बच्चों में अच्छे संस्कार, राष्ट्रभक्ति और समाजहित की भावना को बढ़ावा दें,जिससे समाज और राष्ट्र का विकास संभव है। राज्यसभा सांसद संजय भाटिया ने कहा कि देश की आजादी के बाद सरदार वल्लभभाई पटेल ने 562 रियासतों को जोडकर भारत की एकता को मजबूत किया और सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण का ऐतिहासिक कार्य भी कराया। उन्होंने कहा कि वर्ष 1951 में तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद द्वारा सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्मित स्वरूप का उद्घाटन किया जाना भारतीय संस्कृति के पुनर्जागरण का प्रतीक था। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि सृजन की शक्ति हमेशा विनाश से बड़ी होती है और यही संदेश सोमनाथ की गौरव गाथा हमें देती है। सांसद ने कहा मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार सांस्कृतिक विरासत और धार्मिक स्थलों के संरक्षण के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी व प्रदेश में मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में सरकार हर वर्ग की भलाई के कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा गरीबी रेखा से नीचे के बुजुर्गों के मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा भी शुरू की गई है। जिसके तहत लोगों को देश के अनेकों तीर्थों पर निरूशुल्क यात्रा करने का अवसर प्राप्त होता है। सांसद संजय भाटिया ने कहा कि भारत को पुनः सोने की चिडयिाष् बनाने का सपना तभी साकार होगा, जब समाज का प्रत्येक व्यक्ति निस्वार्थ भाव से राष्ट्र और समाज के लिए कार्य करेगा। उन्होंने आमजन से आह्वान किया कि वे अपनी विरासत, संस्कृति और संस्कारों को सहेजते हुए आने वाली पीढयिों को भी संस्कृति से जोड़ें। इस दौरान विभिन्न स्कूली विद्यार्थियों ने भगवान शिव की महिमा पर आधारित कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुति दी।

सोमनाथ मंदिर की 1000 वर्ष की गौरव गाथा को प्रदर्शनी के माध्यम से किया प्रदर्शित
कार्यक्रम स्थल पर सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग हरियाणा तथा संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा सोमनाथ मंदिर की 1000 वर्ष की गौरवशाली यात्रा पर आधारित विशेष प्रदर्शनी लगाई गई। प्रदर्शनी के माध्यम से श्रद्धालुओं को सोमनाथ मंदिर के इतिहास, उसके पुनर्निर्माण, सांस्कृतिक महत्व तथा भारत की सनातन परंपरा और राष्ट्रीय स्वाभिमान से जुड़े प्रेरणादायक प्रसंगों की जानकारी दी गई। श्रद्धालुओं ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर सोमनाथ की ऐतिहासिक और आध्यात्मिक विरासत को करीब से जाना।
शहर में निकाली गई भव्य कलश यात्रा
इस दौरान मंहत परमानंद गिरी व मृत्युंज गिरी के सान्निध्य में भव्य कलश यात्रा निकाली गई। कलश यात्रा बाबा प्रसाद गिरी मंदिर से शुरू कर चैपटा बाजार, डायमंड चैक, गोपाल मंदिर होते हुए पुनरू बाबा प्रसाद गिरी मंदिर पहुँची। मंदिर पहुँचने पर मुख्य मेहमानों ने कलश यात्रा पर पुष्प वर्षा कर स्वागत किया।
कार्यक्रम में इन गणमान्य व्यक्तियों की रही मौजूदगी
इस अवसर पर जिला परिषद के चेयरमैन कप्तान सिंह बिरधाना, नगर परिषद के चेयरमैन जिले सिंह सैनी, समाजसेवी महेंद्र बंसल, आर आर वाले, भाजपा के वरिष्ठ नेता संजय कबलाना, पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष राजपाल जांगड़ा, प्रवक्ता गीतांशु चावला, धर्मवीर सिंह, पूर्व चेयर पर्सन सुनीता चैहान, केशव सिंघल, गौशाला प्रधान प्रमोद बंसल, प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश शेखावत, पार्षद तवीन कुमार व नरेश कुमार, बाल कल्याण समिति सदस्य पंकज शर्मा, अजय दस महाराज के अलावा जिला प्रशासन की ओर से सीईओ जिला परिषद मनीष फोगाट, डीडीपीओ निशा तंवर, डीईओ रतिंद्र सिंह, आयुष अधिकारी डॉ पवन देसवाल, प्रवक्ता संजय शर्मा सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

श्रद्धांजलि: स्टाफ एवं प्रबंधन जीवन ज्योति सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सोंधी निमाणा।

॥ यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः ॥
॥ असतो मा सद्गमय, तमसो मा ज्योतिर्गमय, मृत्योर्मा अमृतं गमय ॥
पुण्यतिथि पर विशेषरू स्व. श्री जितेंद्र कुमार गुलिया जी को भावभीनी श्रद्धांजलि’
संस्थापक एवं निदेशक, जीवन ज्योति सीनियर सेकेंडरी स्कूल

झज्जर, 11 मई, अभीतक: जीवन ज्योति सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सोंधी निमाणा, झज्जर के श्रद्धेय संस्थापक एवं निदेशक ’स्व. श्री जितेंद्र कुमार गुलिया जी’ की पुण्यतिथि आज विद्यालय परिसर में श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई। उनकी असाधारण दूरदर्शिता और विजन को नमन करने हेतु प्रातःकालीन बेला में विद्यालय परिसर में यज्ञ का आयोजन किया गया। परिवारजन, शिक्षकगण एवं विद्यार्थियों ने एकत्र होकर उनकी स्मृति को नमन किया तथा दिवंगत आत्मा की शांति हेतु प्रार्थना की। यज्ञ में निदेशिका श्रीमती नीलम जितेंद्र गुलिया अपने पुत्रों हिमांशु एवं दीपांशु के साथ सम्मिलित हुईं। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य, समस्त स्टाफ सदस्य एवं विद्यार्थी भी उपस्थित रहे। सभी ने पुष्पांजलि अर्पित कर उनके प्रेरणादायी जीवन को याद किया। स्व. गुलिया जी अपने दूरदर्शी नेतृत्व और अटूट प्रतिबद्धता के लिए जाने जाते थे। उन्होंने सत्यनिष्ठा, उत्कृष्टता और सेवा के मूल्यों पर इस संस्थान की नींव रखी। उनके मार्गदर्शन में विद्यालय शून्य से शिखर तक पहुंचा और शिक्षा एवं अनुशासन के माध्यम से हजारों जीवन संवारे। इस अवसर पर निदेशिका श्रीमती नीलम जितेंद्र गुलिया ने कहा, “गुलिया जी केवल संस्थापक ही नहीं, हम सभी के लिए प्रेरणा पुंज थे। उनके सिद्धांत और शिक्षा के प्रति समर्पण आज भी हमें राह दिखाते हैं। हम उनके मिशन को आगे बढ़ाने के लिए संकल्पबद्ध हैं। परिवार एवं विद्यालय प्रबंधन ने सभी से आग्रह किया कि वे स्व. गुलिया जी को अपनी प्रार्थनाओं में याद रखें और उनके बताए मूल्यों का अनुसरण करते रहें।

एचपीवी वैक्सीनेशन अभियान के तहत यूपीएचसी किला मोहल्ला में शिविर आयोजित, 19 किशोरियों को लगाया गया टीका’
झज्जर, 11 मई, अभीतक: भारत सरकार के निर्देशानुसार झज्जर जिले में एचपीवी वैक्सीनेशन अभियान सफलतापूर्वक संचालित किया जा रहा है। सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादयान ने बताया कि जिले में एचपीवी टीकाकरण को लेकर स्वास्थ्य विभाग एवं शिक्षा विभाग के सहयोग से विशेष जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है, ताकि किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखा जा सके एवं किसी भी परिवारजन को अधिक जानकारी लेनी है तो नजदीकी स्वास्थ्य विभाग केंद्र पर ले सकता है। इसी कड़ी में आज यूपीएचसी किला मोहल्ला में एचपीवी टीकाकरण शिविर का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। शिविर के दौरान कुल 19 किशोरियों को एचपीवी वैक्सीन लगाई गई। यह पूरा कार्यक्रम डॉ. ममता, डॉ. भरत, डॉ. अनुज एवं शुभलता एएनएम की देखरेख में संपन्न हुआ। इस अवसर पर चिकित्सकों ने बताया कि एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) एक सामान्य वायरस है, जो आगे चलकर गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर का कारण बन सकता है। उन्होंने कहा कि समय पर टीकाकरण करवाना इस बीमारी से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है। अभियान के दिशा-निर्देशों के अनुसार 14 वर्ष पूर्ण कर चुकी तथा 15 वर्ष से कम आयु की किशोरियाँ इस टीकाकरण के लिए पात्र हैं। सीनियर मेडिकल ऑफिसर डॉ मधुप सेठी एवं अर्बन कंसल्टेंट डॉ. गगन जैन ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग लगातार जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से अधिक से अधिक किशोरियों तक इस अभियान का लाभ पहुंचाने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की कि वे अपनी बेटियों का समय पर टीकाकरण अवश्य करवाएं। शिविर को सफल बनाने में एएनएम एवं आशा वर्कर्स की टीम ने सक्रिय भूमिका निभाई। स्वास्थ्य विभाग की इस पहल का मुख्य उद्देश्य भविष्य में महिलाओं को कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखना है। जिला टीकाकरण अधिकारी ने विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि स्वास्थ्य विभाग झज्जर जनसहभागिता एवं विभागीय समन्वय के माध्यम से शीघ्र ही एचपीवी टीकाकरण का 100 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त कर लेगा।

गणना कार्य में कोताही बरतने पर रेवाड़ी खेड़ा से शिक्षक सतीश कुमार पर हुआ मुकदमा दर्ज
गणना कार्य में कोताही बरतने वालों के खिलाफ होगी सख्त कानून कारवाई: डीसी

भिवानी, 11 मई, अभीतक: जनगणना कार्य में कोताही बरतने और कारण पूछे जाने पर अभद्र भाषा का प्रयोग करने पर चार्ज ऑफिसर तहसीलदार की शिकायत पर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रेवाड़ी खेड़ा से शिक्षक सतीश कुमार के खिलाफ थाना सदर भिवानी में एफआईआर दर्ज करवाई गई है। वहीं दूसरी ओर डीसी साहिल गुप्ता ने चेतावनी देते हुए कहा है कि गणना कार्य में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

झज्जर स्थित लघु सचिवालय सभागार में सोमवार को आयोजित जिला स्तरीय समाधान शिविर में आमजन की समस्याएं सुनती सीटीएम रितु बंसीवाल।

समाधान शिविर में प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता से करें निपटारा: सीटीएम
जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जिला प्रशासन निरंतर कर रहा समाधान शिविरों का आयोजन

झज्जर, 11 मई, अभीतक: जिला मुख्यालय स्थित लघु सचिवालय सभागार में डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल के मार्गदर्शन में समाधान शिविर का आयोजन हुआ। समाधान शिविर में छरू शिकायतें पंजीकृत की गई। इस अवसर पर डीसीपी शुभम सिंह भी उपस्थित थे। इस अवसर पर सीटीएम रितु बंसीवाल ने आमजन की समस्याएं सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को शीघ्र समाधान के निर्देश दिए। सीटीएम ने कहा कि समाधान शिविर सरकार की जनहितकारी पहल है, जिसका उद्देश्य आमजन की समस्याओं का एक ही स्थान पर त्वरित एवं पारदर्शी समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध, संवेदनशील एवं संतोषजनक निपटारा किया जाए, ताकि नागरिकों का प्रशासन पर विश्वास और मजबूत हो। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के निर्देशानुसार जिला प्रशासन द्वारा प्रत्येक सोमवार और वीरवार को प्रातःरू 10 बजे से 12 बजे तक जिला मुख्यालय सहित बहादुरगढ़, बेरी और बादली उपमंडल मुख्यालयों पर नियमित रूप से समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों के माध्यम से लोगों की समस्याओं का समाधान उनके नजदीकी स्तर पर ही सुनिश्चित किया जा रहा है, जिससे आमजन को विभिन्न कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ रहे। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण के दौरान संबंधित शिकायतकर्ता से लगातार संवाद बनाए रखें तथा समाधान की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने कहा कि जनसमस्याओं के समाधान में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सोमवार को जिला मुख्यालय के अलावा बहादुरगढ़ में एसडीएम अभिनव सिवाच, बादली में एसडीएम विशाल कुमार तथा बेरी मे एसडीएम रेणुका नांदल ने भी आमजन की समस्याएं सुनकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर एक्सईएन पीडब्ल्यूडी सुमित कुमार, जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन अश्विनी सांगवान, भाजपा जिला महामंत्री दयाकिशन जांगड़ा, जिला कष्ट निवारण समिति सदस्य सुरेंद्र शर्मा सीएम विंडो एमिनेंट पर्सन चुन्नी लाल, सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

बेरी स्थित लघु सचिवालय में सोमवार को आयोजित समाधान शिविर में जन समस्याएं सुनते हुए एसडीएम रेणुका नांदल।

जनसमस्याओं का त्वरित समाधान करें अधिकारी: एसडीएम
बेरी में आयोजित उपमंडल स्तरीय समाधान शिविर में एसडीएम रेणुका नांदल ने सुनी समस्याएं

बेरी, 11 मई, अभीतक: उपमंडल प्रशासन द्वारा सोमवार को आयोजित समाधान शिविर में एसडीएम रेणुका नांदल ने नागरिकों की शिकायतें सुनीं। उन्होंने नागरिकों की शिकायत सुनते हुए सम्बन्धित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। इस दौरान लगभग आधा दर्जन से ज्यादा शिकायतें दर्ज की गई। एसडीएम ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों का समाधान तय समय-सीमा में किया जाए और कार्यवाही की रिपोर्ट तुरंत प्रस्तुत की जाए। उन्होंने कहा कि समाधान शिविर सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसका उद्देश्य है कि नागरिकों की समस्याओं का निवारण उनके घर द्वार के समीप ही त्वरित गति से हो। एसडीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रत्येक शिकायत का समाधान शिकायतकर्ता की संतुष्टि के साथ किया जाना चाहिए और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस अवसर पर पशुपालन विभाग से एसडीओ डॉ ऋषिपाल, पीडब्ल्यूडी से जेई प्रवीण अहलावत, जनस्वास्थ्य विभाग से जेई प्रवीन कुमार, बिजली निगम से जेई योगेश कुमार, ब्लॉक पटवारी पवन जून सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।

स्वप्निल रविन्द्र पाटिल, डीसी झज्जर।
झज्जर स्थित अनाज मंडी में उपज उठान कार्य में लगे श्रमिक।

जिला की मंडियों से 92 प्रतिशत से ज्यादा गेहूं का हो चुका उठान: डीसी
जिला की मंडियों में अब तक 2 लाख 37 हजार 921 मीट्रिक टन गेहूं की आवक दर्ज

झज्जर, 11 मई, अभीतक: डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल ने कहा कि जिले की मंडियों में रबी सीजन की फसलों की खरीद के साथ ही उपज की नियमानुसार लिफ्टिंग पर जिला प्रशासन मुस्तैदी से कार्य कर रहा है। जिलाभर की सभी मंडियों व खरीद केंद्रों पर उपज का उठान कार्य प्रगति पर है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार किसानों की उपज निर्धारित मानकों के अनुरूप खरीदी जा रही है और उनकी सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। अब तक जिले में गेहूं की 2 लाख 37 हजार 921 मीट्रिक टन की आवक दर्ज जबकि 2 लाख 23 हजार 772 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हो चुकी है। डीसी ने खरीद एजेंसियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसानों को समय पर भुगतान किया जाए ताकि उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना न करना पड़े। उन्होंने एजेंसियों व अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि लिफ्टिंग कार्य में तेजी लाई जाए ताकि मंडियों में जगह की कमी न हो और नई फसल की आवक बाधित न हो। अब तक कुल खरीद के 92.9 प्रतिशत के साथ 2 लाख 9 हजार 369 मीट्रिक टन गेहूं उपज का उठान किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि खरीद एजेंसियों द्वारा स्टोरेज व्यवस्था को बेहतर ढंग से प्रबंधित किया जाए, जिससे खरीदी गई उपज का सुरक्षित भंडारण किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मंडियों में किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो और सभी कार्य सुचारू रूप से संपन्न किए जाएं। जिला प्रशासन खरीद प्रक्रिया को सुचारू रखने के लिए लगातार निगरानी कर रहा है।

स्वप्निल रविंद्र पाटिल, उपायुक्त झज्जर।

मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत श्री हजूर साहिब नांदेड़ की नि:शुल्क यात्रा हेतु पंजीकरण की अंतिम तिथि 13 मई तक
15 मई को सिरसा से रवाना होगी विशेष ट्रेन, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी दिखाएंगे हरी झंडी

झज्जर, 11 मई, अभीतक: हरियाणा सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के अंतर्गत तख्त तख्त श्री हजूर साहिब के लिए दूसरी विशेष ट्रेन 15 मई को सिरसा से संचालित की जाएगी। इस विशेष ट्रेन को हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी प्रदेश के विभिन्न जिलों से जाने वाली संगत के साथ हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। उपायुक्त स्वप्निल रविंद्र पाटिल ने जानकारी देते हुए बताया कि श्री हजूर साहिब नांदेड़ की निरूशुल्क यात्रा के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि 13 मई निर्धारित की गई है। उन्होंने बताया कि 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिक, जिनकी पारिवारिक आय 1 लाख 80 हजार रुपये से कम है, इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। पात्र नागरिक सरल हरियाणा पोर्टल के माध्यम से 13 मई तक आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि इच्छुक व्यक्ति अपने नजदीकी सीएससी सेंटर के माध्यम से अथवा स्वयं अपने स्मार्ट फोन से घर बैठे सरल हरियाणा पोर्टल पर पंजीकरण कर सकते हैं।
योजना का लाभ उठाने के लिए यह होगी पात्रता
डीसी ने बताया कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत आवेदन करने के लिए आवेदक का हरियाणा निवासी होना तथा परिवार पहचान पत्र होना अनिवार्य है। इसके साथ वैध फोटो पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड अथवा अन्य सरकारी पहचान पत्र आवश्यक होंगे। आवेदक को शारीरिक रूप से यात्रा के लिए स्वयं को फिट घोषित करना होगा तथा यह भी सुनिश्चित करना होगा कि उसने पिछले तीन वर्षों में इस योजना का लाभ न लिया हो। उन्होंने बताया कि योजना के तहत यात्रियों के ठहरने, भोजन एवं स्थानीय परिवहन की संपूर्ण व्यवस्था सरकार द्वारा की जाएगी। वरिष्ठ नागरिक अपने साथ एक सहायक को पूर्ण भुगतान के आधार पर ले जा सकते हैं। वहीं 18 से 60 वर्ष आयु वर्ग अथवा 1.80 लाख रुपये से अधिक आय वाले व्यक्ति भी पूर्ण भुगतान पर इस यात्रा में शामिल हो सकते हैं। योजना पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर संचालित की जा रही है। पंजीकरण के बाद डीआईपीआरओ कार्यालय में सूचना देना अनिवार्य
उपायुक्त ने बताया कि आवेदन करने के उपरांत आवेदक को लघु सचिवालय, झज्जर स्थित जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी कार्यालय में अपनी सूचना अवश्य देनी होगी, ताकि पात्र व्यक्तियों की सूची समय पर रेलवे विभाग को भेजी जा सके। उन्होंने कहा कि सभी पंजीकृत व्यक्ति 13 मई तक डीआईपीआरओ कार्यालय में अपनी सूचना अवश्य उपलब्ध करवाएं, ताकि आगामी आवश्यक कार्रवाई समय पर पूरी की जा सके।

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झज्जर: 25 करोड़ के कथित बैंक घोटाले का मामला
आत्महत्या करने वाले बलवंत को न्याय दिलाने के लिए झज्जर पहुंची 31 सदस्य कमेटी
जिला प्रशासन से मिलकर लगाई न्याय की गुहार, सीएम के नाम सौंपा एसडीएम को ज्ञापन
मामले में संलिप्त आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की उठाई मांग
मृतक की पत्नी को मिले सरकारी नौकरी और एक करोड़ का मुआवजा
मृतक बलवंत के परिवार को न्याय दिलाने के लिए सरकार को दिया एक माह का अल्टीमेट
नहीं मिला न्याय तो शुरू होगा जनआंदोलन
गांव में पंचायत के बाद न्याय के लिए गठित की गई थी 31 सदस्यीय कमेटी

नशा मुक्ति टीम ने दुबलधन के ग्रामीणों को डायल 112, साइबर क्राइम व नशा मुक्ति के बारे जागरूक किया
झज्जर, 11 मई, अभीतक: पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह के कुशल नेतृत्व में समाज को सुरक्षित और नशामुक्त बनाने की दिशा में पुलिस प्रशासन द्वारा लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में सहायक उप निरीक्षक पवन कुमार के नेतृत्व में उनकी टीम ने दुबलधन के नागरिकों को साइबर क्राइम, डायल 112 एवं नशा मुक्ति को लेकर विशेष जागरूकता अभियान चलाया।कार्यक्रम के दौरान सहायक उप निरीक्षक पवन कुमार ने वहां उपस्थित ग्रामीणों को नशा मुक्ति के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। नशे के दुष्प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि नशा न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि परिवार और समाज के लिए भी घातक सिद्ध होता है। नशा से हम तभी बच सकते हैं जब हम हमारे आसपास हमारे परिवार के लोगों को इसके दुष्परिणामों के बारे में बताएंगे और नशा मुक्त समाज बनाएंगे।इस अवसर पर उपस्थित सभी ग्रामीणों को साइबर क्राइम से बचने के बारे में बताया गया। साइबर क्राइम से हम तभी बच सकते हैं जब हम जागरूक हो। जागरूकता ही साइबर क्राइम से बचने का तरीका है। किसी अनजान व्यक्ति द्वारा भेजा गया लिंक को ओपन ना करें और बैंक से संबंधित गोपनीय जानकारी किसी के साथ भी साझा न करें। ग्रामीणों ने एकजुट होकर नशा मुक्त जीवन अपनाने का संकल्प लिया। आगे उन्होंने बताया कि आपातकालीन स्थिति में डायल 112 का प्रयोग करें।

खेत से कृषि उपकरण चोरी करने के मामले में एक आरोपी गिरफ्तार
झज्जर, 11 मई, अभीतक: पुलिस कमिश्नर डॉक्टर राजश्री सिंह के दिशा निर्देशन में कार्रवाई करते हुए थाना सदर झज्जर की पुलिस टीम ने खेत से कृषि उपकरण चोरी करने के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की गई। मामले की जानकारी देते हुए थाना प्रबंधक सदर झज्जर निरीक्षक परमजीत ने बताया कि सुमित निवासी हसनपुर जिला झज्जर ने शिकायत देते हुए बताया कि मेरा खेत गांव से 2 किलोमीटर की दूरी पर है और वहां पर दो कमरे बने हुए हैं। जिसमें मैंने खेती व सिंचाई के उपकरण रखे हुए हैं। दिनांक 26 अप्रैल 2026 को खेत से अपने घर गया तो सभी उपकरण वहीं पर थे। जब मैंने अगले दिन खेत में जाकर देखा तो दोनों कमरों के ताले टूटे हुए मिले और अंदर जाकर देखा तो 10 एल्युमिनियम के बैंड, 8 टी, 8 स्टॉपर, 32 नोजल चोरी हुई मिली। जिस शिकायत पर कार्रवाई करते हुए आरोपीयो के खिलाफ थाना सदर झज्जर में आपराधिक मामला दर्ज किया गया। उन्होंने बताया कि पुलिस कमिश्नर डॉक्टर राजश्री सिंह द्वारा उपरोक्त मामले में गहनता से छानबीन करने तथा वांछित आरोपियों को पकड़ने के संबंध में कड़े दिशा निर्देश दिए गए थे। पुलिस कमिश्नर के दिशा निर्देशों की पालना करते हुए थाना में तैनात मुख्य सिपाही रिंकू कुमार की पुलिस टीम ने उपरोक्त मामले में गहनता से कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कियागया। पकड़े गए आरोपी की पहचान रवि निवासी कासनी जिला झज्जर के तौर पर की गई। पकड़े गए आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए अदालत झज्जर में पेश किया गया। माननीय अदालत के आदेश अनुसार आरोपी को पूछताछ के लिए एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया।

वर्तमान सत्र की छात्र संख्या की तुलना पिछले सत्र की छात्र संख्या से की, बालवाटिका में दाखिले बढाने पर जोर दिया झज्जर, 11 मई, अभीतक: जिले के सभी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों के प्राचार्यों की बैठक राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, झज्जर में जिला शिक्षा अधिकारी रतिंदर सिंह और जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी राजबाला की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक की शुरुआत जिला निपुण समन्वयक डॉ. सुदर्शन पुनिया ने की। उन्होंने वर्तमान सत्र की छात्र संख्या की तुलना पिछले सत्र की छात्र संख्या से की। उन्होंने बालवाटिका में दाखिले बढाने पर जोर दिया। जिला परियोजना समन्वयक अनिल शर्मा ने सभी प्राचार्यों को पाठ्यपुस्तकों की वितरण की नवीनतम स्थिति अपडेट करने तथा यूडाइस कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी प्रकार के अनुदान को निर्देशानुसार और समय पर उपयोग करने पर बल दिया। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी राजबाला ने पुस्तकालय से पुस्तकों का नियमित और उचित वितरण, वाटर टैंक, शौचालय आदि की स्वच्छता सुनिश्चित करने, छात्रों की अधिकतम उपस्थिति तथा मध्याह्न भोजन को विभाग द्वारा प्रदान मेन्यू एवं रेसिपी के अनुसार पकाने पर जोर दिया। जिला शिक्षा अधिकारी रतिंदर सिंह ने सभी प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए विज्ञान एवं अन्य प्रयोगशालाओं का उचित उपयोग सुनिश्चित करने, शिक्षक, कक्षा, प्रयोग का नाम एवं तिथि सहित रजिस्टर बनाने के निर्देश दिए। प्रत्येक विद्यालय में संसाधनों के अनुरूप नियमित रूप से कम से कम एक खेल गतिविधि आयोजित करने, डिजिटल पैनलों का नियमित उपयोग तथा प्रत्येक शिक्षक को उनका संचालन सिखाने पर बल दिया। उन्होंने कक्षा 9वीं से 12वीं की लड़कियों को दिए जाने वाले दूध एवं प्रोटीन बार का रिकॉर्ड रखने, प्रत्येक छात्र का एम्आईएस प्रोफाइल पूर्ण करने तथा अगली कक्षा में ट्रांजीशन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। आरटीई एक्ट-2009 के अनुसार किसी छात्र को दस्तावेजों के अभाव में प्रवेश से वंचित न करने तथा उनका एम्आईएस पर ऑफलाइन दाखिला कर दिया जाएद्य गूगल लिंक पर सूचना सावधानीपूर्वक अपडेट करने, आटोमेटिक अपील सिस्टम से परिचित होने, प्रातःकालीन सभा में सभी शिक्षकों एवं प्राचार्यों की उपस्थिति, छात्रों को कोई श्रम कार्य न सौंपने, छात्र कल्याण हेतु स्कूल फण्ड का विभागीय मानकों के अनुसार उपयोग करने बारे भी निर्देश दिए गए। इस बैठक में सभी खंड शिक्षा अधिकारी बहादुरगढ़ से शेर सिंह, बेरी से रोहताश दहिया, झज्जर से सुनीता देवी, मातनहेल से सुरेशपाल सुहाग, साल्हावास से जयपाल दहिया सहित जिले के सभी विद्यालय प्राचार्य उपस्थित रहें। सभी अधिकारीगण बैठक चर्चा किये गए सभी बिन्दुओं पर विशेष ध्यान से कार्य करने के निर्देश दिए। यह बैठक जिले की शिक्षा व्यवस्था को और सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

जल्द होगी कांग्रेस के कई जिला अध्यक्षों की छुट्टी !
कांग्रेस की रिव्यू मीटिंग के बाद लिया जाएगा फैसला
संगठन को मजबूत न करने को लेकर गिरेगी गाज
कांग्रेस हाई कमान को सौंप गई जिला अध्यक्षों की लिस्ट
कांग्रेस सह प्रभारी जितेंद्र बघेल की लगाई गई है ड्यूटी
जितेंद्र बघेल ने रिव्यू मीटिंग के बाद तैयार की है लिस्ट

गुरूदेव श्री श्री रविशंकर के 70 वे जन्मोत्सव पर आर्ट आफ लिविंग रेवाडी द्वारा रक्तदान शिविर व भजन संध्या आयोजित
रेवाडी, 11 मई, अभीतक: आध्यात्मिक गुरू श्री श्री रविशंकर के 70वें जन्मोत्सव व आर्ट आफ लिविंग संस्था के 45 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में संस्था द्वारा माडल टाउन स्थित राधाकृष्ण मंदिर में ललिता मेमोरियल ब्लड बैंक के सहयोग से रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में मानवता की सेवा हेतु 42 रक्तदाताओं ने रक्तदान किया। इस अवसर पर कैम्प में सबसे पहले रक्तदान करने वालो में के॰के॰बंसल, दौलत राम एवं रविंदर यादव शामिल रहे।शाम को भजन संध्या का भी आयोजन किया गया, जिसमें अनिल ठकराल, चंद्रकान्ता जितेन्द्र मेंहदीरत्ता, डा॰ सुमन सैनी एवं राजेश सहगल ने मधुर एवं भक्तिमय भजनों की प्रस्तुति देकर श्रöालुओ को मंत्रमुग्ध कर दिया। आर्ट आफ लिविंग के वरिष्ठ शिक्षक ब्रहमप्रकाश भारद्वाज सतसंग पर चर्चा करते हुए बताया कि व्यक्ति अपने अहंकार को सेवा करके समाप्त कर सकता है तथा नियमित ध्यान एवं साधना से व्यक्ति अपने राग व दोष से मुक्त हो सकता है और जीवन में शांति एवं सकारात्मकता प्राप्त कर सकता है। उन्होने बताया कि संस्था विश्वभर में मानव कल्याण एवं शांतिपूर्ण समाज की स्थापना के लिए कार्य कर रही है। संस्था द्वारा विश्व स्तर पर हजारों समाजिक सेवा परियोजनाएं संचालित की जा रही है। अतं में उन्होने सभी रक्तदाताओं, स्वयंसेवको एवं श्रुöालुओं का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर नरेश कालरा,, संजय गेरा, दिनेश गोयल, राजू वर्मा, भूपेन्द्र बंकल, हितेश गाबा, सुनील अरोडा, शक्ति नैनावत, सुष्मा यादव, करण यादव, महेश आर्या, राजीव शर्मा, आर्ट आफ लिविंग के प्रशिक्षक सुमन यादव, नरेश कालरा आदि का सहयोग व उपस्थित रहे।

नप रेवाड़ी और नपा धारूहेड़ा चुनाव की मतगणना 13 को
मतगणना स्टाफ के लिए कराई गई रेंडमाइजेशन प्रक्रिया

रेवाड़ी, 11 मई, अभीतक: राज्य चुनाव आयोग हरियाणा के निर्देशानुसार नगर परिषद रेवाड़ी और नगर पालिका धारूहेड़ा चुनाव-2026 की 13 मई को सुबह 8 बजे से मतगणना करवाई जाएगी। इसको लेकर जिला निर्वाचन अधिकारी एवं डीसी अभिषेक मीणा की अध्यक्षता में सोमवार को लघु सचिवालय में मतगणना स्टाफ की रेंडमाइजेशन प्रक्रिया करवाई गई। डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशानुसार जिला में नगर निकाय चुनाव की मतगणना को निष्पक्ष एवं पारदर्शी तरीके से करवाने के लिए प्रशासन पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने बताया कि चुनाव की पारदर्शिता एवं निष्पक्षता बनाए रखने के लिए रेंडमाइजेशन अति महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। यह प्रक्रिया पूरी तरह से कंप्यूटरीकृत होती है। उन्होंने बताया कि रेवाड़ी नगर परिषद चेयरपर्सन और वार्डों के पार्षद पदों के चुनाव की मतगणना राजकीय कन्या महाविद्यालय सेक्टर 18 में करवाई जाएगी। रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव की मतगणना 14 टेबल पर 7 राउंड में करवाई जाएगी। वहीं धारूहेड़ा नगर पालिका के चेयरपर्सन और वार्डों के पार्षद पदों के चुनाव की मतगणना खडखड़ा स्थित राजकीय महाविद्यालय में 4 टेबल पर 7 राउंड में करवाई जाएगी। इस अवसर पर सामान्य पर्यवेक्षक नगर परिषद रेवाड़ी जगनिवास, सामान्य पर्यवेक्षक नगर पालिका धारूहेड़ा तरुण कुमार पावरियां, रिटर्निंग अधिकारी धारूहेड़ा एवं एसडीएम सुरेश कुमार, सीटीएम जितेंद्र कुमार, जिला राजस्व अधिकारी प्रदीप देशवाल व नायब तहसीलदार चुनाव अजय कुमार आदि मौजूद रहे।

सीटीएम जितेंद्र कुमार ने समाधान शिविर में सुनीं शिकायतें, शिकायतों को शीघ्र समाधान करने के दिए निर्देश
रेवाड़ी, 11 मई, अभीतक: डीसी अभिषेक मीणा के मार्गदर्शन में सोमवार को लघु सचिवालय में सीटीएम जितेंद्र कुमार ने समाधान शिविर में आमजन की शिकायतें सुनी। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समाधान शिविर में आई शिकायतों का शीघ्र समाधान करने के निर्देश दिए। समाधान शिविर में गांव रामगढ़ में नाली बंद होने की शिकायत पर सीटीएम जितेंद्र कुमार ने पंचायत विभाग के अधिकारी को निर्देश दिए कि वे गांव की नाली को खुलवाया जाए ताकि पानी की निकासी हो सके। ग्राम पंचायत मुंदी में रास्ते पर हो रहे अवैध कब्जे की शिकायत पर सीटीएम ने पंचायत विभाग के अधिकारियों को जांच करते हुए कार्यवाही करने के निर्देश दिए। गांव मोहदीनपुर में जोहड़ की मिट्टी अवैध रूप से उठाने के शिकायत पर सीटीएम ने पंचायत विभाग के अधिकारियों को जांच करते संबंधित के खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही करने के निर्देश दिए। गांव गोठड़ा टप्पा डहीना में चैपाल में लगे ताले की शिकायत पर सीटीएम ने पंचायत विभाग के अधिकारियों को ताला खुलवाने के निर्देश दिए। इसके अलावा समाधान शिविर में बिजली विभाग, पुलिस, परिवार पहचान पत्र, पेंशन व पानी से संबंधित शिकायतों पर सीटीएम ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को शिकायतों का तुरंत समाधान करने के निर्देश दिए। सीटीएम जितेंद्र कुमार ने कहा कि प्रत्येक सोमवार व गुरुवार को जिला और उपमंडल स्तर पर समाधान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इन शिविरों का उद्देश्य जनता की शिकायतों का मौके पर ही निपटान करना है। उन्होंने आमजन से आह्वान किया कि सोमवार व वीरवार को सुबह 10 से 12 बजे तक आयोजित किए जा रहे समाधान शिविर में अपनी समस्याओं को प्रशासन के समक्ष रखकर निवारण करवाएं।

गुरु शिष्य परंपरा प्रशिक्षण योजना के तहत आवेदन आमंत्रित: उप-निदेशक अमित पंवार
गुरु, संगीतकार व शिष्यों को प्रतिमाह मिलेगी 7500, 3750 व 1500 छात्रवृति

रेवाड़ी, 11 मई, अभीतक: भारत की समृद्घ सांस्कृतिक विरासत एवं लुप्त लोक कलाओं के संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उत्तर-मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र प्रयागराज की ओर से महानिदेशक कलां एवं सांस्कृतिक कार्य विभाग हरियाणा के माध्यम से गुरु शिष्य परंपरा प्रशिक्षण योजना के तहत लुप्त होती विभिन्न विद्याओं के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के उप-निदेशक अमित पंवार ने जानकारी देते हुए बताया कि उत्तर-मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र प्रयागराज द्वारा राज्य से लुप्त होती विधाओं के गुरु, संगतकार व शिष्यों को प्रतिमाह की दर से छात्रवृत्ति भी प्रदान जाएगी। विधाओं में लोक गायन, लोकगाथा, लोक चित्रकला, दुर्लभ वाद्य यंत्र, लोक नृत्य आदि विधा शामिल है। उन्होंने बताया कि आवेदन करने के लिए आयु 50 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए तथा संबंधित क्षेत्र में 20 वर्ष का अनुभव होना चाहिए। उन्होंने बताया कि गुरु, संगतकार व शिष्यों को क्रमशरू 7500 रुपए, 3750 रुपए व 1500 रुपए प्रतिमाह की दर से छात्रवृति भी प्रदान जाएगी। उप निदेशक ने बताया कि उक्त विद्याओं में पारंगत प्रशिक्षक अपना आवेदन नाम, पता एवं दूरभाष नंबर सहित अन्य विवरण महानिदेशक कलां एवं सांस्कृतिक कार्य विभाग, हरियाणा, एससीओ नंबर-29, सेक्टर 7-सी, मध्य मार्ग, चंडीगढ़ के पते पर भिजवा सकते हैं ताकि उन्हें उत्तर-मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र प्रयागराज को भिजवाया जा सके।
योजना की पात्रता व मापदंड

  1. आवेदक की आयु 50 वर्ष से कम नहीं होनी चाहिए।
  2. आवेदक के पास अपनी कला क्षेत्र का कम से कम 20 वर्ष का अनुभव होना चाहिए।
  3. आवेदक अपने बायो-डाटा व नवीनतम छायाचित्र के साथ प्रार्थना पत्र भेजेे।
  4. अपने कला क्षेत्र में मिले प्रमाण पत्रों की स्वयं द्वारा प्रमाणित प्रतियां संलग्न करें।
  5. सरकार या प्रमुख कला और संस्कृति से जुड़ी संस्था से मिले पुरस्कार या मान्यता प्राप्त प्रमाण पत्रों की प्रतियां संलग्न करें।
  6. विधा के प्रशिक्षण हेतु एक गुरु, चार शिष्य (लोक गायन, लोकगाथा, लोक चित्रकला, दुर्लभ वाद्य यंत्रों, लोक नृत्यों), लोकनृत्यों में अधिकतम आठ एवं जिन विधाओं में संगतकारों की आवश्यकता होगी उसमें एक या दो संगतकारों को रखना निर्धारित किया गया है।

राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर अहीर कॉलेज में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
रेवाड़ी, 11 मई, अभीतक: हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण पंचकूला के वार्षिक कार्य योजना के अनुसार सोमवार को जिला रेवाड़ी के अहीर कॉलेज में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस मनाया गया, जिसमें विद्यार्थियों को जागरूक किया गया। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कम जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी सचिव डा. रेनू सोलखे ने बताया कि हर साल 11 मई को राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस मनाया जाता है, जो 1998 के पोखरण परमाणु परीक्षणों (ऑपरेशन शक्ति) की याद दिलाता है। यह दिन भारत की वैज्ञानिक उपलब्धियों, नवाचार और आत्मनिर्भरता को समर्पित है, जिसका उद्देश्य युवाओं को विज्ञान और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में करियर के लिए प्रेरित करना है। सचिव ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी द्वारा एक हेल्पलाइन नंबर 01274-220062 व इसके अलावा उच्चतम न्यायालय द्वारा टोल फ्री नंबर 15100 चलाया हुआ है, जिस पर आम जन किसी भी प्रकार के कानूनी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम चीफ हरीश कुमार शर्मा ने बताया कि इसकी शुरुआत पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेई ने 1999 में की थी और 2026 में एआई, अंतरिक्ष विज्ञान, रक्षा प्रौद्योगिकी (जैसे मिसाइल) और स्वदेशी नवाचारों को बढ़ावा देने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। यह दिन स्वदेशी तकनीक और वैज्ञानिक प्रगति के माध्यम से एक आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण को रेखांकित करता है। साइबर पुलिस स्टेशन से सब इंस्पेक्टर प्रिंस ने बताया कि किसी भी प्रकार का साइबर फ्रॉड होने पर तुरंत पुलिस या साइबर अपराध विभाग में शिकायत दर्ज करें इसके अलावा साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर भी सहायता ली जा सकती है। उन्होंने बताया कि लंबे, जटिल और अद्वितीय पासवर्ड बनाएं, अज्ञात प्रेषकों से आने वाले ईमेल में किसी भी लिंक पर क्लिक न करें या अटैचमेंट डाउनलोड न करें, क्योंकि ये मैलवेयर फैला सकते हैं, ऑनलाइन या फोन पर व्यक्तिगत जानकारी साझा करते समय सतर्क रहें। जागरूकता कैंप में काफी संख्या में छात्र एवं छात्राएं तथा अध्यापक गण उपस्थित थे।

प्रदेशभर में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व बड़े हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया
चण्डीगढ, 11 मई, अभीतक: प्रदेशभर में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व बड़े हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर नागरिकों ने भगवनान शिव को जलाभिषेक किया और ओम मंत्र ध्वनि का उच्चारण किया । प्रातःकाल के समय कलश यात्रा में शामिल होकर शिव महिमा का गुणगान और भगवान सोमनाथ से जुड़ी कथाओं का वाचन कर वाणी पवित्र की। राज्य के प्रत्येक जिला एवं उपमण्डल स्तरीय मंदिर में सोमनाथ के इतिहास पर आधारित प्रदर्शनी भी लगाई जिसका लाखों लोगों ने अवलोकन किया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के कार्यक्रम लाईव प्रसारण दिखाया गया।
मोदी के नेतृत्व में देश स्वाभिमान के साथ छू रहा नई ऊंचाइयां- हरविन्द्र कल्याण
करनाल के कार्यक्रम में हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने कहा कि एक हजार वर्ष की गुलामी के कालखंड में देश की संस्कृति, अर्थव्यवस्था और गौरव को गहरी चोट पहुंचाई गई। लेकिन आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत पुनः अपनी जड़ों की ओर लौटते हुए स्वाभिमान के साथ नई ऊंचाइयों को छू रहा है। यह सबके लिए गौरव का क्षण है। हम कृतज्ञ हैं कि प्रधानमंत्री ने कठिन तपस्या से राष्ट्र को उस मार्ग पर खड़ा किया है जहां हम 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लेकर आगे बढ़ रहे हैं।
राम मंदिर से सोमनाथ मंदिर तक हमारी मान्यताओं को मिल रहा है पूर्ण सम्मान- ऊर्जा मंत्री अनिल विज
अम्बाला में हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री श्री अनिल विज ने सोमनाथ स्वाभिमान पर्व पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसी भी पल को चूकते नहीं हैं, जो हमारी जनता की मान्यताओं के स्थान है जिनमें राम मंदिर, विश्वनाथ मंदिर हो या अन्य स्थान हो, सभी को पूरा सम्मान दिया जाता है। उसी प्रकार आज सोमनाथ मंदिर के 75वें स्वाभिमान पर्व के अवसर पर प्रधानमंत्री जी ने सारे देश को जोड़ा है तथा वो स्वयं सोमनाथ मंदिर में दर्शन करने के लिए वहां उपस्थित हुए हैं।
देश के 12 प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंगों में पहला स्थान सोमनाथ – गौरव गौतम
खेल राज्य मंत्री गौरव गौतम ने कहा कि भारत के 12 प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंगों में से पहले स्थान पर सोमनाथ ज्योतिर्लिंग है। इस आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी को देश की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत और इतिहास से जोडना है। भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत में सोमनाथ मंदिर का स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। सदियों से यह मंदिर श्रद्धालुओं की अटूट आस्था और भारतीय संस्कृति की अमर चेतना का प्रतीक बना हुआ है।
श्रद्धा, भक्ति भाव का पर्व सोमनाथ स्वाभिमान- श्याम सिंह राणा
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि सोमनाथ मंदिर भारत की अजेय सभ्यता का प्रतीक है। सोमनाथ स्वाभिमान पर्व का आयोजन श्रद्धा, उत्साह एवं भक्ति भाव से जुड़ा हुआ है। कार्यक्रम में स्कूली विद्यार्थियों व भजन मंडली द्वारा शिव तांडव, भजन, शिव वंदना आदि सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गए। उन्होंने श्री गौरी शंकर मंदिर में भगवान शिव का जलाभिषेक, पूजा अर्चना की और प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।
सोमनाथ केवल मंदिर नहीं, बल्कि भारत की आत्मा-रणबीर सिंह गंगवा
सिरसा में आयोजित पर्व पर हरियाणा के जनस्वास्थय एवं अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि सोमनाथ केवल एक मंदिर नहीं है, बल्कि यह भारत की आत्मा, एकता और अदम्य साहस का प्रतीक है। मंदिर आक्रमणकारियों द्वारा कई बार खंडित किया गया, लेकिन हर बार यह मंदिर और अधिक शक्ति, विश्वास और संकल्प के साथ पुनः खड़ा हुआ। सोमनाथ मंदिर की सबसे बड़ी प्रेरणा यही है कि कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी विश्वास और आस्था के बल पर पुनर्निर्माण एवं पुनर्जागरण निश्चित है।
सोमनाथ मंदिर भारत की संस्कृति और स्वाभिमान का प्रतीक- श्रुति चैधरी
भिवानी में महिला एवं बाल विकास तथा सिंचाई जल संसाधन मंत्री श्रुति चैधरी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि सोमनाथ मंदिर भारत की प्राचीन संस्कृति और स्वाभिमान का प्रतीक है। ऐसे आयोजन समाज को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं। आज पूरा देश सोमनाथ स्वाभिमान पर्व मना रहा है। यह भारतीय सांस्कृतिक चेतना, ऐतिहासिक गौरव और राष्ट्रीय स्वाभिमान का गौरवपूर्ण क्षण है। सोमनाथ मंदिर पर हुए अनेक आक्रमण केवल मंदिर पर ही नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक चेतना पर प्रहार करने का प्रयास थे, लेकिन भारत की आत्मा को कोई पराजित नहीं कर सकता।

सहकारिता मंत्री डॉ अरविंद शर्मा ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से की शिष्टाचार भेंट
चण्डीगढ, 11 मई, अभीतक: हरियाणा के सहकारिता मंत्री डॉ अरविंद शर्मा ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत संकल्प के तहत पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी की प्रचंड बहुमत के साथ ऐतिहासिक जीत की शुभकामनाएं दीं। भेंट के दौरान सहकारिता क्षेत्र को मजबूत करने और देशभर में सहकारी आंदोलन को नई दिशा देने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। डॉ अरविंद शर्मा ने कहा कि केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में सहकारिता क्षेत्र लगातार सशक्त हो रहा है और किसानों, युवाओं तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा मिल रही है। उन्होंने बताया कि इस अवसर पर सहकारिता क्षेत्र की अपार संभावनाओं, आधुनिक तकनीकों के उपयोग तथा ग्रामीण विकास में सहकारी संस्थाओं की भूमिका को लेकर मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। डॉ अरविंद शर्मा ने कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों से सहकारिता आंदोलन को नई पहचान मिली है और इसका लाभ देश के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में सहकारिता क्षेत्र महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

युवा शोध और प्रौद्योगिकी में दक्ष बनकर राष्ट्र निर्माण में निभाएं अग्रणी भूमिका: कुलपति प्रो. मिलाप पूनियाँ
एमडीयू के यूआईईटी में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर दिखा नवाचार का उत्साह, विद्यार्थियों ने पेश किए अत्याधुनिक मॉडल

रोहतक, 11 मई, अभीतक: आज का युवा केवल डिग्री लेने तक सीमित न रहे, बल्कि उत्कृष्ट शोधार्थी और तकनीक में पारंगत बनकर देश और समाज के उत्थान में अपनी सक्रिय भूमिका निभाए। यह प्रेरक संदेश महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. मिलाप पूनियाँ ने यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (यूआईईटी) में आयोजित राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस समारोह में विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए दिया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार प्रो. संदीप बंसल विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। समारोह के दौरान आयोजित विज्ञान एवं इंजीनियरिंग प्रोजेक्ट प्रदर्शनी विद्यार्थियों की प्रतिभा, तकनीकी दक्षता और नवाचार सोच का शानदार उदाहरण बनी। प्रदर्शनी में विद्यार्थियों ने नवीकरणीय ऊर्जा, स्मार्ट सिंचाई प्रणाली, रोबोटिक्स, पर्यावरण संरक्षण, अपशिष्ट प्रबंधन और विद्युत सुरक्षा जैसे विषयों पर आधारित मॉडल प्रस्तुत किए। कुलपति प्रो. मिलाप पूनियाँ ने विद्यार्थियों की रचनात्मक क्षमता की सराहना करते हुए कहा कि तकनीक और शोध ही विकसित भारत की मजबूत नींव हैं। उन्होंने शिक्षकों से ग्रामीण पृष्ठभूमि से आने वाले विद्यार्थियों को विशेष मार्गदर्शन देने का आह्वान किया ताकि वे भी आधुनिक तकनीक और शोध के क्षेत्र में अपनी पहचान बना सकें। रजिस्ट्रार प्रो. संदीप बंसल ने कहा कि राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस युवाओं को नवाचार, शोध और तकनीकी उत्कृष्टता के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से तकनीक का उपयोग समाज हित और राष्ट्र निर्माण में करने का आह्वान किया। इंजीनियरिंग प्रोजेक्ट प्रतियोगिता में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के विशाल, हिमांशु, रुद्र, आकाश, हर्ष और नितिन की टीम ने फैब्रिकेशन एंड एनालिसिस ऑफ एयर प्यूरीफायर प्रोजेक्ट के लिए प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं हर्ष, आकाश और आशीष की टीम ने हाई परफॉर्मेंस पॉलीमर एफएफएफ प्रिंटर प्रोजेक्ट के लिए पहला स्थान प्राप्त किया। द्वितीय स्थान इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के छात्र हार्दिक सिन्हा को आईओटी बेस्ड ऑटोनॉमस लेजर कटिंग एंड मॉनिटरिंग सिस्टम प्रोजेक्ट के लिए मिला। इसके साथ ही मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के आर्यन, हिमांशु, निशांत, शुभम, मुकेश, भविष्य और प्रियंका की टीम ने “वाई-फाई कंट्रोल्ड हाइड्रोलिक जैक प्रोजेक्ट के लिए द्वितीय स्थान प्राप्त किया। तृतीय स्थान सिद्धार्थ, अमन, राहुल राज, केशव, हर्ष, गौरव एवं साहिल की टीम को सोलर पावर्ड आर्डयूनो बेस्ड मोबाइल कंट्रोल मल्टीपरपज एग्रीकल्चर व्हीकल प्रोजेक्ट के लिए प्रदान किया गया। वहीं यश, रोहित, गौरव, दिवेश, परीक्षित और अनुभव की टीम ने कोकोनट शेल इन रैपिड सैंड फिल्टर प्रोजेक्ट के लिए तृतीय स्थान प्राप्त किया। विश्वविद्यालय से संबद्ध कॉलेजों के विद्यार्थियों ने भी अपनी तकनीकी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। रेस्क्यू चेयर प्रोजेक्ट को प्रथम, फायर स्प्रिंकलर टेस्टिंग सिस्टम को द्वितीय तथा एवी रोन आई ड्रोन प्रोजेक्ट को तृतीय स्थान मिला। रंगोली, पोस्टर मेकिंग और डिक्लेमेशन प्रतियोगिताओं में भी विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों को वैज्ञानिक सोच, नवाचार और अनुसंधान की दिशा में निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया। इस अवसर पर डीन, इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी प्रो सोनिया, यूआईईटी के निदेशक प्रो अश्वनी धींगड़ा, प्रो युद्धवीर सिंह, प्रो विनीत सिंगला समेत यूआईईटी के प्राध्यापक, शोधार्थी और विद्यार्थी उपस्थित रहे।

जे.सी. बोस विश्वविद्यालय में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स एवं सतत ऊर्जा विषय पर राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस का आयोजन
विश्वविद्यालय में स्थापित हो रहा है इलेक्ट्रिक व्हीकल्स पर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस: कुलगुरु प्रो. राजीव कुमार

फरीदाबाद, 11 मई, अभीतक: जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद में हरियाणा राज्य विज्ञान, नवाचार एवं प्रौद्योगिकी परिषद (एचएससीएसआईटी), पंचकूला के सहयोग से राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस 2026 का आयोजन किया गया। इस वर्ष कार्यक्रम की थीम “इलेक्ट्रिक व्हीकल्स एवं सतत ऊर्जा” रही, जिसमें तकनीकी विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने भाग लेकर तकनीक के बदलते स्वरूप और उसके सामाजिक प्रभावों पर विचार साझा किए। कार्यक्रम की शुरुआत प्रो. राजकुमार, अधिष्ठाता, अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संकाय द्वारा राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए की गई। उन्होंने कहा कि तकनीकी नवाचार आज के समय में समाज और पर्यावरण से जुड़ी चुनौतियों के समाधान का सबसे प्रभावी माध्यम है। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. राजीव कुमार ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रौद्योगिकी का वास्तविक उद्देश्य मानव जीवन को अधिक सुखद और सरल बनाना है। उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे अपनी तकनीकी शिक्षा और नवाचार क्षमता का उपयोग समाज की समस्याओं के समाधान के लिए करें। कुलगुरु ने विश्वविद्यालय में स्थापित किए जा रहे सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन इलेक्ट्रिक व्हीकल्स सहित नई ढांचागत परियोजनाओं की जानकारी देते हुए बताया कि विश्वविद्यालय अनुसंधान, नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता एवं विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र श्री कपिल सिंघल, प्रबंध निदेशक, बी.पी. रिफकूल, ने इलेक्ट्रिक वाहनों के क्षेत्र में रेफ्रिजरेशन एवं एयर कंडीशनिंग तकनीक की भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि फेज चेंज मटेरियल जैसी आधुनिक तकनीकों के माध्यम से इलेक्ट्रिक बसों, यात्री वाहनों और कोल्ड-चेन परिवहन में ऊर्जा दक्षता बढ़ाने के अभिनव प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अतिरिक्त डॉ. संजय यादव, मुख्य वैज्ञानिक, सीएसआईआर-राष्ट्रीय भौतिक प्रयोगशाला, प्रो. आशीष श्रीवास्तव, श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय, तथा डॉ. मुख्तियार सिंह, दिल्ली प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय ने भी इलेक्ट्रिक वाहन तकनीक और सतत ऊर्जा के विभिन्न आयामों पर अपने विचार साझा किए। इस अवसर पर प्रो. राजेश आहूजा, विभागाध्यक्ष, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समन्वयन डॉ. आत्मा राम एवं डॉ. अभिनव सक्सेना, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग, द्वारा किया गया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षकों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण भागीदारी रही।

सोमनाथ मंदिर भारत की सनातन चेतना, सांस्कृतिक गौरव और राष्ट्रीय स्वाभिमान का अमर प्रतीक: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी
मुख्यमंत्री ने पिहोवा स्थित श्री संगमेश्वर महादेव मंदिर अरुणाय में ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ कार्यक्रम में की शिरकत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नया भारत विकास और विरासत को साथ लेकर आगे बढ़ रहा: मुख्यमंत्री
युवाओं से भारत की सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक विरासत से जुड़ने का आह्वान
मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत 8 जून को हरियाणा से सोमनाथ के लिए रवाना होगी विशेष ट्रेन

चण्डीगढ, 11 मई, अभीतक: हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि सोमनाथ मंदिर केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि भारत की सनातन चेतना, अटूट आस्था और राष्ट्रीय स्वाभिमान का अमर प्रतीक है, जिसने हर आक्रमण, हर संघर्ष और हर विपत्ति के बाद राष्ट्र को पुनः खड़े होने की शक्ति दी है। मुख्यमंत्री सोमवार को कुरुक्षेत्र के पिहोवा स्थित श्री संगमेश्वर महादेव मंदिर अरुणाय में आयोजित ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ के राज्यस्तरीय कार्यक्रम में मुख्यातिथि के तौर पर शिरकत कर रहे थे। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी को मंदिर कमेटी पदाधिकारियों और संत समाज ने स्मृति चिह्न देकर सम्मानित भी किया। इस दौरान मुख्यमंत्री और उपस्थित श्रद्धालुओं ने सोमनाथ मंदिर में आयोजित विशेष कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी देखा, जिसमें प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने विशेष पूजा करते हुए अपना संबोधन दिया। श्री संगमेश्वर महादेव मंदिर अरुणाय में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे साधु संतों का मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने शॉल ओढ़ा कर सम्मान भी किया। मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने “हर-हर महादेव” के जयघोष के साथ उपस्थित श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में मनाया जा रहा यह वर्षभर का राष्ट्रीय पर्व भारत की सांस्कृतिक चेतना, आध्यात्मिक जागरण और सभ्यतागत निरंतरता का प्रतीक है। वैदिक नदियों अरुणाय और सरस्वती के पावन संगम स्थल पर इस पर्व का आयोजन इसकी आध्यात्मिक महत्ता को और अधिक दिव्य बना रहा है। उन्होंने कहा कि यहां स्थित प्राचीन संगमेश्वर मंदिर सदियों से इस पवित्र संगम और भारत की समृद्ध आध्यात्मिक परंपरा का साक्षी रहा है। मुख्यमंत्री ने ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व 11 जनवरी से शुरू होकर 11 जनवरी 2027 तक चलेगा। उन्होंने बताया कि देशभर से श्रद्धालु सोमनाथ मंदिर पहुंच रहे हैं तथा हरियाणा से भी मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर तथा वरिष्ठ नागरिकों के लिए 8 जून को विशेष ट्रेन रवाना की जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की सांस्कृतिक विरासत को मिली नई वैश्विक पहचान
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में भारत की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को नई वैश्विक पहचान और सम्मान मिला है। उन्होंने कहा कि सदियों की प्रतीक्षा के बाद अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर का भव्य निर्माण और रामलला की प्राण प्रतिष्ठा भारतीय संस्कृति के पुनर्जागरण का सबसे बड़ा प्रतीक बनी। उन्होंने कहा कि उस समय कश्मीर से कन्याकुमारी तक पूरा देश राममय हो गया था। मुख्यमंत्री ने कहा कि काशी विश्वनाथ धाम, महाकाल लोक और केदारनाथ धाम के पुनर्विकास ने भारत के प्राचीन तीर्थ स्थलों की गरिमा को पुनर्स्थापित किया है तथा आधुनिक भारत को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि चारधाम परियोजना, प्रसाद योजना और सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण जैसे प्रयासों के माध्यम से भारत अपनी आध्यात्मिक जड़ों से पुनः जुड़ रहा है। उन्होंने कहा कि यह नए भारत का वह कालखंड है जहां विकास और विरासत साथ-साथ चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने योग, आयुर्वेद और ‘वसुधैव कुटुंबकम्’ का संदेश देकर भारतीय संस्कृति की वैश्विक प्रतिष्ठा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है। उन्होंने इस दौरान श्री करतारपुर साहिब कॉरिडोर, कुरुक्षेत्र के अनुभव केंद्र का जिक्र भी किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने विलुप्त हो रही संस्कृति को पहचान दिलाने का काम किया है।
सोमनाथ भारत की अटूट आस्था और सनातन शक्ति का प्रतीक
मुख्यमंत्री ने कहा कि सनातन परंपरा में सोमनाथ को बारह ज्योतिर्लिंगों में प्रथम ज्योतिर्लिंग का गौरव प्राप्त है। पुराणों के अनुसार चंद्रदेव ने अपने कष्टों से मुक्ति पाने के लिए यहां भगवान शिव की कठोर तपस्या की थी, जिसके बाद भगवान शिव ज्योतिर्लिंग के रूप में यहां प्रकट हुए और तभी से यह स्थान ‘सोमनाथ’ कहलाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सोमनाथ मंदिर का इतिहास भारत की धैर्यगाथा और आध्यात्मिक शक्ति का इतिहास है। विदेशी आक्रांताओं ने इस मंदिर को अनेक बार तोड़ा और लूटा, लेकिन हर बार यह मंदिर और अधिक साहस एवं आस्था के साथ पुनः खड़ा हुआ। उन्होंने कहा कि विदेशी आक्रांताओं ने केवल मंदिर को नहीं, बल्कि भारत की संस्कृति, आस्था और पहचान को मिटाने का प्रयास किया, लेकिन वे यह समझ नहीं सके कि सनातन केवल मंदिरों में नहीं, बल्कि भारत के जन-जन के हृदय में बसता है।
सोमनाथ का पुनर्निर्माण राष्ट्रीय स्वाभिमान की पुनर्स्थापना था
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता के बाद लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल ने सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण का संकल्प लिया था और इसे राष्ट्रीय सम्मान की पुनर्स्थापना बताया था। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने मई 1951 में पुनर्निर्मित सोमनाथ मंदिर का उद्घाटन किया था तथा आज उसके 75 वर्ष पूर्ण होना प्रत्येक भारतीय के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष सोमनाथ पर हुए पहले आक्रमण के भी 1000 वर्ष पूर्ण हो रहे हैं। वर्ष 1026 में हुए इस आक्रमण का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ हजार वर्षों की धैर्यगाथा और अटूट आस्था का प्रतीक है।
युवाओं को भारत की सभ्यतागत विरासत से जोड़ना समय की आवश्यकता
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को भारत की सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक विरासत से जोड़ना समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा, भारत केवल भौगोलिक सीमा नहीं है, भारत एक सभ्यता, एक संस्कृति और एक आध्यात्मिक चेतना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ केवल अतीत का स्मरण नहीं, बल्कि सांस्कृतिक जागरण और सभ्यतागत चेतना का राष्ट्रीय अभियान है। उन्होंने समाज और अभिभावकों से आग्रह किया कि वे नई पीढ़ी को भारत के गौरवशाली इतिहास, परंपराओं और सांस्कृतिक मूल्यों से परिचित कराएं।
हरियाणा सरकार सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक विरासत के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार राज्य की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत के संरक्षण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। तीर्थ स्थलों के विकास, मंदिरों एवं सरोवरों के संरक्षण तथा धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि पावन सरस्वती एवं दृषद्वती नदियों के मध्य स्थित 48 कोस कुरुक्षेत्र भूमि में 367 तीर्थ स्थल हैं, जिनमें से अनेक समय के साथ लुप्तप्राय हो गए थे। राज्य सरकार इन तीर्थ स्थलों के पुनरुद्धार और संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2023 में सर्वेक्षण एवं दस्तावेजीकरण के बाद 18 नए तीर्थ स्थलों को सूची में जोड़ा गया, जिसके बाद अब तक कुल 182 तीर्थ स्थलों का दस्तावेजीकरण किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि स्वदेश दर्शन योजना के तहत वर्ष 2015 में कुरुक्षेत्र को श्रीकृष्ण सर्किट में शामिल किया गया था तथा इसके अंतर्गत विभिन्न तीर्थ स्थलों का विकास किया जा रहा है। 48 कोस क्षेत्र के 134 स्थानों को पर्यटन एवं आध्यात्मिक स्थलों के रूप में विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लोकार्पित ज्योतिसर अनुभव केंद्र आधुनिक तकनीक के माध्यम से महाभारत के दर्शन, इतिहास और संदेश को जीवंत रूप में प्रस्तुत कर रहा है। मुख्यमंत्री ने संत-महात्माओं, धार्मिक संगठनों, सामाजिक संस्थाओं और युवाओं से ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत को आधुनिकता, विज्ञान और विकास के मार्ग पर आगे बढ़ते हुए अपनी आध्यात्मिक और सांस्कृतिक जड़ों से भी जुड़े रहना होगा।
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व हमारी सनातन संस्कृति और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक: गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद
इस अवसर पर बोलते हुए गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद महाराज ने कहा कि सोमनाथ स्वाभिमान पर्व हमारी सनातन संस्कृति और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक है। सोमनाथ को तोड़ने वाले आज इतिहास में सिमट गए हैं, लेकिन सोमनाथ की ध्वजा आज भी भारत की शक्ति का संदेश दे रही है। सोमनाथ मंदिर भारत की सांस्कृतिक अस्मिता और आत्मसम्मान का प्रतीक है और इसे बार-बार तोड़ने के बावजूद श्रद्धा के साथ पुनः खड़ा किया गया। उन्होंने कहा कि सोमनाथ मंदिर 1029 वर्ष पहले मोहम्मद गजनवी के आक्रमण के बाद भी कई बार पुनर्निर्मित हुआ। सरदार पटेल के प्रयासों से इसका जीर्णोद्धार हुआ। अब इसके 75 वर्ष पूरे होने पर इसे स्वाभिमान पर्व के रूप में मनाया जा रहा है। देशभर के संतों और श्रद्धालुओं ने ओंकार मंत्र का जाप किया है। उन्होंने कहा कि सोमनाथ का इतिहास हमें संघर्ष ही नहीं सिखाता, बल्कि धैर्य भी सिखाता है। हजार वर्षों तक बार-बार टूटने के बाद भी पुनः उठ खड़े होना ही भारत की पहचान है। आज आवश्यकता इस बात की है कि हमारी युवा पीढ़ी अपने इतिहास को जाने, अपनी संस्कृति को समझे और अपनी विरासत पर गर्व करे। इस मौके पर अखाड़ा परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत रविंद्र पूरी महाराज, संत बंसीपुरी महाराज, भद्रकाली मंदिर पीठाधीश पंडित सतपाल महाराज, संगमेश्वर महादेव मंदिर के प्रधान गौतम भूषण, पूर्व राज्यमंत्री सुभाष सुधा, चेयरमैन धर्मवीर मिर्जापुर, उपाध्यक्ष धूमन सिंह किरमच, चेयरपर्सन कंवलजीत कौर, सैनी सभा प्रधान गुरनाम सैनी सहित गणमान्य एवं श्रद्धालुगण मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने पिहोवा के अरुणाय में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व राज्यस्तरीय कार्यक्रम में की शिरकत
मंदिर के गर्भगृह में विधिपूर्वक पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की
101 महिलाओं ने निकाली भव्य कलश यात्रा
मुख्यमंत्री ने अरुणाय लंगर हॉल का किया उद्घाटन

चण्डीगढ, 11 मई, अभीतक: हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने आज जिला कुरुक्षेत्र के पिहोवा के अरुणाय स्थित श्री संगमेश्वर महादेव मंदिर में आयोजित “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व” राज्यस्तरीय कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मंदिर के गर्भगृह में विधिपूर्वक पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान अरुणाय में 101 महिलाओं की कलश यात्रा को रवाना किया। धार्मिक एवं आध्यात्मिक वातावरण के बीच निकाली गई इस कलश यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 48 कोस के विभिन्न तीर्थ स्थलों से पहुंचे संत-महात्माओं का स्वागत एवं अभिनंदन किया तथा उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन हमारी समृद्ध परंपराओं, सांस्कृतिक विरासत एवं सामाजिक एकता को मजबूत करने का कार्य करते हैं। कार्यक्रम के दौरान श्री संगमेश्वर महादेव मंदिर परिसर में अरुणाय लंगर हॉल का उद्घाटन भी किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग, हरियाणा द्वारा “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व” विषय पर लगाई गई विशेष प्रदर्शनी का उद्घाटन एवं अवलोकन भी किया। प्रदर्शनी में सोमनाथ मंदिर के गौरवशाली इतिहास, सांस्कृतिक विरासत तथा देश की आस्था और स्वाभिमान से जुड़े विभिन्न पहलुओं को आकर्षक चित्रों एवं जानकारियों के माध्यम से प्रदर्शित किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रकार की प्रदर्शनी नई पीढ़ी को अपने इतिहास एवं संस्कृति से जोड़ने का कार्य करती है। इससे पहले मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने पवित्र तीर्थस्थल ज्योतिसर पहुंचकर विधिपूर्वक पूजा-अर्चना की तथा प्रदेश की सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना की। इस दौरान उन्होंने ज्योतिसर में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का जायजा भी लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों का विकास राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा सकें। इस अवसर पर गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद जी महाराज, महंत रविन्द्र पुरी जी महाराज, बंसी पुरी जी महाराज, पूर्व राज्यमंत्री सुभाष सुधा, भाजपा जिलाध्यक्ष तेजेन्द्र गोल्डी, सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग की अतिरिक्त निदेशक श्रीमती वर्षा खांगवाल, मनीष लोहान, अंबाला शहीद स्मारक के निदेशक डॉ. कुलदीप सैनी सहित विभिन्न धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि, संत-महात्मा, गणमान्य व्यक्ति एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

हरियाणा ने राज्य-व्यापी आपातकालीन प्रतिक्रिया ढांचे के साथ आपदा तैयारी को किया मजबूत
डॉ. सुमिता मिश्रा ने इंसीडेंट रिस्पांस सिस्टम के तहत सभी विभागों और जिलों को व्यापक निर्देश जारी किए

चण्डीगढ, 11 मई, अभीतक: हरियाणा सरकार ने सभी विभागों और जिलों में आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र को मजबूत करने के उद्देश्य से एक व्यापक राज्यव्यापी तैयारी अभ्यास शुरू किया है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं वित्तीय आयुक्त डॉ. सुमिता मिश्रा ने इंसीडेंट रिस्पांस सिस्टम (प्त्ै) के तहत हरियाणा राज्य आपदा प्रतिक्रिया नियमावली (डंदनंस) के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए हरियाणा के वरिष्ठ अधिकारियों को विस्तृत निर्देश जारी किए हैं। डॉ. मिश्रा की इस पहल को एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक सुधार के रूप में देखा जा रहा है, जिसे आपदाओं और आपात स्थितियों के दौरान त्वरित, अधिक समन्वित और कुशल प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए डिजाइन किया गया है। उन्होंने बताया कि आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 के तहत गठित श्इंसीडेंट रिस्पांस सिस्टमश् को हरियाणा में राज्य और जिला दोनों स्तरों पर पहले ही अधिसूचित किया जा चुका है। यह ढांचा आपात स्थिति के दौरान कमान, समन्वय और संसाधन प्रबंधन के लिए एक संरचित तंत्र प्रदान करता है। डॉ. मिश्रा ने जानकारी दी कि आईआरएस ढांचा प्रत्येक हितधारक की भूमिकाओं और जिम्मेदारियों को स्पष्ट रूप से परिभाषित करता है, जिससे विभाग बाढ़, लू (ीमंजूंअमे), औद्योगिक दुर्घटनाओं और अन्य आपात स्थितियों के दौरान तालमेल के साथ कार्य कर सकें। उन्होंने बताया कि हरियाणा राज्य आपदा प्रतिक्रिया नियमावली भारत सरकार के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (छक्ड।) के दिशा-निर्देशों के अनुरूप तैयार की गई है। डॉ. सुमिता मिश्रा ने राज्य स्तर पर श्इंसीडेंट कमांडरश् के रूप में 24 प्रमुख हितधारक विभागों के प्रशासनिक सचिवों को पत्र लिखकर यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि नामित अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों से पूरी तरह परिचित हों। इन विभागों में गृह, पर्यावरण एवं वन, परिवहन, नागरिक उड्डयन, वित्त, पुलिस, सिंचाई, कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य, ऊर्जा और अग्नि सेवा आदि शामिल हैं। इसके अलावा, उन्होंने हरियाणा के सभी 23 उपायुक्तों को भी पत्र लिखा है, जो जिला स्तर पर जिम्मेदार अधिकारी के रूप में कार्य करते हैं। उपायुक्तों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि नियमित प्रशिक्षण कार्यक्रम और मॉक ड्रिल आयोजित की जाएं। डॉ. मिश्रा ने बताया कि राज्य सरकार 14 मई, 2026 को हरियाणा के 13 बाढ़ संभावित जिलों (गुरुग्राम, अंबाला, फरीदाबाद, फतेहाबाद, कैथल, करनाल, कुरुक्षेत्र, पंचकूला, पानीपत, पलवल, सिरसा, सोनीपत और यमुनानगर) में बाढ़ आपदा परिदृश्य पर एक राज्य-स्तरीय मॉक अभ्यास आयोजित कर रही है। उन्होंने बताया कि 6 मई को ओरिएंटेशन और समन्वय सम्मेलन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ था, अब कल 12 मई को एक श्टेबल टॉप एक्सरसाइजश् के माध्यम से विभिन्न प्रतिक्रिया परिदृश्यों और रणनीतियों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। डॉ. मिश्रा के अनुसार सभी प्रमुख विभागों और जिलों को एक एकीकृत आपदा प्रतिक्रिया ढांचे के तहत लाने के साथ, हरियाणा खुद को संस्थागत आपदा तैयारियों और समन्वित आपातकालीन प्रबंधन में अग्रणी राज्यों में से एक के रूप में स्थापित कर रहा है।

हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन में भाजपा की पर्ची-खर्ची की भर्ती घोटाला बेनकाब!
हरियाणा के स्थानीय युवाओं के साथ धोखा, बाहर राज्यों के लोगों को लाकर भरा जा रहा है: अभय सिंह चैटाला
गौर करने वाली बात यह है की सभी लोग जो भर्ती किए गए हैं वो भाजपा शासित प्रदेशों से हैं
पर्ची खर्ची का खेल खुल के खेल रही है भाजपा सरकार

चण्डीगढ, 11 मई, अभीतक: इंडियन नेशनल लोक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष चैधरी अभय सिंह चैटाला कहा कि हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन द्वारा असिस्टेंट प्रोफेसर (हिंदी) कॉलेज कैडर की भर्ती में जो घपला हुआ है, वह भाजपा सरकार की असली छवि उजागर कर रहा है। कुल 132 पदों की सूची में सामान्य श्रेणी के 56 चयनित उम्मीदवारों में से 41 उम्मीदवार हरियाणा से बाहर के हैं। ये लोग बिहार, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, झारखंड, दिल्ली, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश और राजस्थान के मूल निवासी हैंकृसभी भाजपा शासित राज्य। क्या हरियाणा में हिंदी पढ़ने, लिखने और पढ़ाने वाले सामान्य वर्ग के योग्य युवा इतने कम हो गए हैं? क्या हरियाणा के पीएचडी और एमएससी युवा केवल चपरासी और बेलदार की नौकरियों के लिए ही योग्य हैं? भाजपा हरियाणा के स्थानीय युवाओं को गंभीरता से लेने को तैयार ही नहीं है। यह भर्ती साबित करती है कि भाजपा की “बिना पर्ची-बिना खर्ची” वाली दोहा-कविता पूरी तरह झूठी है। पूरी प्रक्रिया पर्ची और खर्ची से संचालित हुई है। पहले विभिन्न विषयों के असिस्टेंट प्रोफेसर, एचसीएस, एसडीओ और अन्य ग्रुप-बी पदों पर भी यही खेल खेला गयाकृभाजपा शासित राज्यों के लोगों को बड़े पैमाने पर लाकर हरियाणा की नौकरियां लूट ली गईं। हरियाणा का युवा भाजपा सरकार बनवाकर आज पछता रहा है। भाजपा हरियाणवी युवा को न तो काबिल समझती है और न ही उसका हक देना चाहती है। बाहर से लोग लाकर यहां की सरकारी नौकरियां बांट दी जा रही हैं, जबकि घर का बेटा बेरोजगारी और अपमान की आग में जल रहा है। अगर भाजपा सरकार ने तुरंत इन भर्तियों पर रोक नहीं लगाई और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की, तो हरियाणा का युवा इस अन्याय को बर्दाश्त नहीं करेगा। पीएचडी-एमएससी युवा अब चुप नहीं बैठेंगे। आने वाले समय में यही युवा भाजपा की सरकार को जड़ से उखाड़ फेंकेगा।

आम आदमी पार्टी छोड़कर ठश्रच् में शामिल हुए राज्यसभा सांसद संदीप पाठक द्वारा दायर याचिका पर आज पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। इस दौरान पंजाब सरकार ने उन पर दर्ज एफआईआर संबंधी जवाब दाखिल करने संबंधी अतिरिक्त समय मांगा है। अदालत ने सारे तथ्यों को सुनने के बाद मामले की अगली सुनवाई शुक्रवार तय की है।

हरियाणा में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल खत्म होने के आसार नहीं दिख रहे हैं। सरकार की अनदेखी के रवैये को देखते हुए हरियाणा नगर पालिका कर्मचारी संघ के आह्वान पर हड़ताल 14 मई तक बढ़ा दी गई है। ऐसे में अगले तीन दिन और शहरी क्षेत्रों से निकायों के सफाई कर्मचारी कचरा नहीं उठाएंगे। राज्य में फिलहाल 14 हजार टन से अधिक कचरा सड़कों पर ही पड़ा है। हरियाणा नगर पालिका कर्मचारी संघ के राज्य प्रधान नरेश शास्त्री ने बताया की हड़ताल को अभी तीन दिन और बढ़ाया गया है। फिलहाल अनिश्चितकालीन हड़ताल नहीं की गई है। सरकार कर्मचारियों की सुन नहीं रही है, मजबूरी में उन्हें ये रास्ता अख्त्यार करना पड़ रहा है।

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट को हरियाणा सरकार ने बताया है कि राज्य में पेड़ों की सुरक्षा के लिए नया कानून बनाया जा रहा है। इसका नाम हरियाणा वृक्ष संरक्षण अधिनियम, 2026 होगा। सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी मिलने के बाद इसे अधिसूचित कर दिया जाएगा। यह जानकारी गुरुग्राम के सेक्टर-53 में घने पेड़ों वाले क्षेत्र को बचाने के लिए दायर जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान दी गई। इस क्षेत्र में ग्रुप हाउसिंग परियोजना के लिए निर्माण प्रस्तावित था।

फरीदाबाद में एक युवक ने अपने 5 साल के बेटे का गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद उसने शव को रस्सी से अपनी छाती पर बांध लिया और पंखे से फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। यह घटना बल्लभगढ़ के दयालपुरा गांव में हुई। युवक का परिवार दूसरे गांव में रहता है।

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